नागपुर से माता-पिता के साथ तीर्थनगरी ओंकारेश्वर में ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने आए तीन वर्षीय बच्चे की खुले पड़े सेप्टिक टैंक में गिरने से मौत हो गई। शुक्रवार सुबह हुए इस हादसे में बस से उतरते ही मासूम आगे दौड़ने के दौरान अंधेरे में सेप्टिक टैंक में गिर गया।
नगर परिषद ने अतिक्रमण कार्रवाई के बाद सेप्टिक टैंक को खुला छोड़ दिया था। मासूम की चीख सुनकर पिता भी टैंक में कूद गए।
उन्होंने स्थानीय लोगों की मदद से बच्चे को निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। जिस सेप्टिक टैंक में बच्चा गिरा, वह ओंकारेश्वर में ब्रह्मपुरी पार्किंग के पास धर्मशाला परिसर का है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, सिंहस्थ-2028 की तैयारी के तहत नगर परिषद ने यहां अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की थी। इसी दौरान निर्माण तोड़ा और सेप्टिक टैंक खुला रह गया। उसे बंद करने की चिंता परिषद के अधिकारियों और कर्मचारियों ने नहीं की। इस लापरवाही से हादसा हो गया।
ओंकारेश्वर नगर परिषद के सीएमओ मोनिका का कहना है कि जब हमने अतिक्रमण तोड़ा था, उस स्थान पर ऊपर कंक्रीट का स्लैब था। धर्मशाला वालों ने कुछ लोहा निकालने के लिए वहां पर काम किया था, जिससे वह गड्ढा खुला रखा गया।