अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सरकार ने तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है।
सरकार ने नाम तो सार्वजनिक नहीं किए हैं लेकिन सूत्रों के अनुसार एसआईटी की कमान लखनऊ के आईजी किरण एस को सौंपी गई है, जबकि अयोध्या रेंज के डीआईजी सोमेन बर्मा व अयोध्या के एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर सदस्य बनाए गए हैं।
वर्ष 2008 बैच के आईपीएस अधिकारी किरण सरकार द्वारा 13 जून को लखनऊ के मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में गठित तीन सदस्यीय एसआईटी के सदस्य हैं। किरण इंटरपोल व सीबीआई में रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने 20 जुलाई को सुनवाई के दौरान सरकार को आदेश दिया था कि आपराधिक मामला होने के कारण आईपीएस अधिकारियों की एसआईटी गठित कर मामले की जांच कराई जाए। इसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गृह विभाग के अधिकारियों को नई एसआईटी गठित करने और सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अध्ययन करने और अनुपालन करने के निर्देश दिए थे।
नतीजतन गृह विभाग ने नई एसआईटी का गठन कर दिया है, लेकिन देर रात तक नामों की पुष्टि गृह विभाग के अधिकारियों की ओर नहीं की गई। सूत्रों के अनुसार सरकार, सुप्रीम कोर्ट में 27 जुलाई को मामले की स्टेटस रिपोर्ट के साथ ही नई एसआईटी के गठन संबंधी जानकारी देगी। कोर्ट में नाम बताए जाने के बाद ही आधिकारिक तौर पर एसआईटी के सदस्यों के नाम बाहर आएंगे।
गौरतलब है कि चढ़ावा चोरी मामले की जांच करने के लिए पहले-पहल मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में सरकार द्वारा गठित एसआईटी ने 15 जून से अयोध्या में जांच शुरू की थी।
एसआईटी ने 22 जून को प्रारंभिक जांच रिपोर्ट गृह विभाग को सौंपने के साथ जांच का दायरा बड़ा होने के कारण अंतिम जांच रिपोर्ट तैयार करने के लिए सरकार से और समय की मांग की थी। सरकार ने एसआईटी को 30 जुलाई तक अंतिम जांच रिपोर्ट सौंपने का समय दिया है।