प्रखंड के उरवां निवासी विनोद यादव के 23 वर्षीय पुत्र दशरथ यादव का शव जयनगर थाना क्षेत्र के डहुआटोल स्थित एक बंद पड़े स्टोन माइंस से बरामद होने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
परिजनों ने युवक की हत्या कर शव को माइंस में फेंके जाने की आशंका जताई है। इस घटना के बाद आक्रोशित ग्रमीणों ने उरवां में एन एच 20 को जाम किया। वहीं परिजन मामले की तुरंत जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
मृतक के चाचा पवन यादव ने बताया कि दशरथ शनिवार सुबह करीब 10 बजे अपनी मोटरसाइकिल (जेएच-02बीएक्स-1790) से घर से निकला था। देर शाम तक घर नहीं लौटने पर परिजन चिंतित हो गए। कई बार मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उसका फोन बंद मिला।
इसके बाद चंदवारा थाना में गुमशुदगी का आवेदन देकर खोजबीन शुरू की गई। परिजनों के अनुसार दशरथ डहुआटोल में संचालित पेयजल आपूर्ति योजना के निर्माण कार्य में निजी मजदूर के रूप में कार्यरत था। युवक के लापता होने के बाद स्वजन शनिवार रात उसकी तलाश में डहुआटोल पहुंचे।
इस दौरान एक बंद पड़े माइंस के बाहर उसकी मोटरसाइकिल खड़ी मिली। इसके बाद ग्रामीणों और परिजनों ने आसपास खोजबीन शुरू कर दी। रविवार अहले सुबह बंद पड़े माइंस में एक शव दिखाई देने की सूचना पर लोगों की भीड़ जुट गई।
सूचना मिलने पर जयनगर पुलिस मौके पर पहुंची और शव की पहचान दशरथ यादव के रूप में की। पुलिस ने घटनास्थल से उसकी मोटरसाइकिल भी बरामद की।
मृतक के चाचा पवन यादव ने अज्ञात लोगों पर हत्या का आरोप लगाते हुए कहा कि उनके भतीजे की हत्या कर शव को माइंस में फेंक दिया गया है। उन्होंने बताया कि शव के पैर में गहरे चोट के निशान थे तथा चेहरे पर कपड़ा बंधा हुआ था। स्थानीय लोगों का भी कहना है कि शव की स्थिति देखकर मामला संदिग्ध प्रतीत होता है।
हालांकि, मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, कोडरमा भेज दिया। परिजन पोस्टमार्टम से पूर्व मृतक के मोबाइल कॉल डिटेल्स के आधार पर मामले की जांच कर घटना में शामिल लोगों की पहचान करने की मांग कर रहे हैं।
इधर युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। स्वजनों ने बताया कि दशरथ की शादी करीब डेढ़ माह पूर्व झुमरी तिलैया के मड़ुआटांड़ निवासी युवती से हुई थी। घटना के बाद नवविवाहिता पत्नी सहित परिवार के अन्य सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच में जुटी है।