ईरान ने रविवार को यूरोपीय संघ की हॉर्मुज जलडमरूमध्य में पारगमन नियमों पर ली गई स्थिति की तीखी आलोचना की है। ईरान ने अमेरिका-ईरान संघर्ष से जुड़ी बढ़ती तनाव की स्थिति में यूरोपीय संघ पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काया कलास पर निशाना साधते हुए कहा कि यूरोप अंतरराष्ट्रीय कानून का चयनात्मक इस्तेमाल करता है।
बगाई ने कहा, “ओह, वो अंतरराष्ट्रीय कानून?! जिसे यूरोपीय संघ दूसरों को उपदेश देने के लिए निकालता है, जबकि अमेरिका-इजरायल की आक्रामकता को चुपचाप हरी झंडी देता है, उपदेश देना बंद करें।” उन्होंने यूरोप की स्थिति को चरम पाखंड बताया।
ईरान ने हॉर्मुज पर नियंत्रण का किया बचाव
बगाई ने जोर देकर कहा कि ईरान एक तटीय देश होने के नाते इस रणनीतिक जलमार्ग में आवाजाही को नियंत्रित करने का अधिकार रखता है। उन्होंने बिना शर्त पारगमन की मांगों को खारिज कर दिया।
बगाई ने कहा, “अंतरराष्ट्रीय कानून की कोई भी धारा ईरान को हॉर्मुज जलडमरूमध्य को सैन्य आक्रामकता के लिए इस्तेमाल होने से रोकने के लिए जरूरी कदम उठाने से नहीं रोकती।”
उन्होंने मौजूदा परिस्थितियों में नि:शुल्क आवाजाही की अवधारणा को खारिज करते हुए कहा कि हॉर्मुज में बिना शर्त ट्रांजिट? यह कल्पना उसी समय डूब गई जब अमेरिका-इजरायल की आक्रामकता ने अमेरिकी सैन्य संपत्तियों को जलडमरूमध्य के आसपास ला खड़ा किया।
यूरोपीय संघ की चेतावनी
काया कलास ने कहा था कि प्रमुख जलमार्गों से गुजरने वाली आवाजाही खुली और मुक्त रहनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि कोई भी ‘पैसे देकर गुजरने’ की योजना वैश्विक समुद्री मार्गों के लिए खतरनाक मिसाल कायम करेगी।
कलास ने यह भी कहा कि शत्रुता कम होने पर यूरोप सामान्य स्थिति बहाल करने में भूमिका निभा सकता है। उन्होंने संकेत दिया कि क्षेत्र में शिपिंग की सुरक्षा के लिए यूरोपीय संघ के एस्पाइड्स नौसैनिक मिशन को और मजबूत किया जा सकता है।
ईरान सख्त कदमों का संकेत
यह तीखा जवाब उस समय आया जब ईरान ने संकेत दिया कि वह नई पारगमन प्रक्रियाओं के तहत उन जहाजों को प्राथमिकता दे सकता है जो शुल्क देने को तैयार हों, क्योंकि उसकी क्षमता सीमित है।
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड ने घोषणा की कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य बंद ही रहेगा और किसी भी जहाज को इसके करीब आने पर निशाना बनाया जा सकता है।
ब्लॉकेड और शांति समझौते पर ईरान का रुख
यह घटनाक्रम अमेरिका द्वारा ईरानी बंदरगाहों पर लगाई गई नौसैनिक नाकेबंदी के बीच हुआ है। ईरान ने साफ कहा है कि जब तक अमेरिका अपनी नाकेबंदी नहीं हटाता, हॉर्मुज जलडमरूमध्य पूरी तरह नहीं खुलेगा। ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बागेर घालिबाफ ने चेतावनी दी कि अंतिम शांति समझौता अभी बहुत दूर है।
दुनिया के लगभग एक-पांचवें तेल और गैस की आपूर्ति ले जाने वाला हॉर्मुज जलडमरूमध्य इस संकट का केंद्र बना हुआ है। इसके बाधित होने से वैश्विक व्यापार और ऊर्जा बाजारों पर लगातार असर पड़ रहा है।