AI ने बदला पढ़ाई का तरीका, अब किताबों से भी कर सकेंगे बातचीत…

जरा सोचिए एक ऐसी दुनिया के बारे में जहां आप किताब पढ़ते समय उससे कोई सवाल पूछ सकें। अब नए एआई टूल्स यही सुविधा दे रहे हैं जिससे पाठक ठीक ऐसा ही कर सकते हैं। इन टूल्स की मदद से यूजर्स को ई-बुक या ऑडियोबुक के साथ-साथ एक एआई चैटबॉट भी मिलता है।

अगर आप किसी किरदार के मकसद या कहानी के ऐतिहासिक बैकग्राउंड को लेकर उलझन में हैं तो बस पूछ लीजिए। पाठक किसी किरदार की सोच, ऐतिहासिक संदर्भ या किसी दार्शनिक विचार को गहराई से समझ सकते हैं इसके लिए अलग से रिसर्च करने की जरूरत नहीं है।

किताब के असली टेक्स्ट का इस्तेमाल करता है चैटबॉट

टेस्टिंग के दौर से गुजर रहे Sinai.ai के सीईओ अहमद कामेल कहते हैं, “आप एक किताब के साथ ऐसे व्यवहार कर रहे हैं जैसे वह कोई जीवित चीज हो। यह बिल्कुल अलग है।” फ्रांसीसी स्टार्टअप माई स्मार्ट बुक ने अप्रैल के बीच में कुछ ऐसा ही लॉन्च किया। सिनाई की तरह इसका चैटबॉट भी सिर्फ किताब के असली टेक्स्ट का इस्तेमाल करता है। इसमें कोई बाहरी जानकारी शामिल नहीं होती।

अमेजन भी मैदान में

किताबें बेचने वाली दिग्गज कंपनी अमेजन भी इसमें शामिल है। उसकी ऑडियोबुक कंपनी ऑडिबल ने आस्क ए क्वेश्चन (सवाल पूछें) नाम का एक फीचर लॉन्च किया था। सुनते समय आप एक बटन दबाकर अपना सवाल पूछ सकते हैं, जवाब सुन सकते हैं और फिर कहानी को वहीं से आगे बढ़ा सकते हैं जहां आपने उसे छोड़ा था।

ऑडिबल के एक प्रवक्ता ने कहा, “हम कस्टमर एक्सपीरियंस को बेहतर बनाने के लिए एआई-पावर्ड फीचर की संभावनाओं को लेकर उत्साहित हैं।” उन्होंने आगे कहा कि यह टूल खास तौर पर उस ऑडियोबुक के बारे में सवालों के जवाब देने के लिए बनाया गया है जिसे सुनने वाला अभी सुन रहा है।

किताबों से बातचीत

इसके अलावा एआई वॉइस टेक की उभरती हुई कंपनी ElevenLabs ने ElevenReader Voice Chat बनाया है। कंपनी का कहना है कि यह किसी भी किताब को दोतरफा बातचीत में बदल देता है।

इस फीचर को बनाने के लिए किसे पैसे मिलते हैं?

इन सब के बीच एक सवाल यह भी है कि पढ़ने की इस नई सुपरपावर को बनाने के लिए किसे पैसे मिलते हैं या किसे इसकी इजाजत है। यह एक मुश्किल सवाल है। Sinai.ai का कहना है कि वह सिर्फ वही किताबें उपलब्ध कराता है जो या तो पब्लिक डोमेन में हैं या जिनके लिए लेखक, उनके एस्टेट या पब्लिशर ने पहले मंजूरी दी है।

एक और कंपनी iChatbook अलग तरह से काम करती है। इसके फाउंडर ब्रायन यांग कहते हैं, “हमारी चैट बुक किताबों की लाइब्रेरी नहीं है। यह कॉन्सेप्ट, आइडिया और फैक्ट्स की लाइब्रेरी है।”

असली टेक्स्ट देने के बजाय एआई मुख्य आइडिया निकालता है और उन्हें आसान भाषा में समझाता है। यांग को लगता है कि यह छात्रों के लिए फायदेमंद हो सकता है और चूंकि यह कभी भी किताब से सीधे कोट नहीं करता इसलिए यह कॉपीराइट से जुड़ी कई परेशानियों से बच जाता है।

हालांकि, हर प्लेटफॉर्म इतना सावधान नहीं है। जैसे माईरीडर यूजर्स को कोई भी किताब अपलोड करने देते हैं चाहे वह कॉपीराइट के तहत हो या नहीं और फिर उसे एआई इंटरफेस से जोड़ देते हैं। गूगल का नोटबुकएलएम भी कॉपीराइट की जांच नहीं करता है और न ही BookWorm AI ऐसा करता है जो चैटजीपीटी पर आधारित एक टूल है और खुद को बुक कंपैनियन कहता है।

Sinai.ai का कहना है कि उसने कुछ ऐसा बनाया है जिसे वह एआई राइट्स कहता है। एक ऐसा सिस्टम जो लेखकों और पब्लिशर्स को तब पैसे देता है जब उनके काम का इस्तेमाल चैटबॉट द्वारा किया जाता है।

दिसंबर में ऑथर्स गिल्ड ने अमेजन के आस्क दिस बुक टूल की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा, “इसके लिए कोई लाइसेंस नहीं लिया गया है, इससे कोई नई कमाई नहीं होती है और पब्लिशर्स और लेखकों को इसमें शामिल होने या न होने का कोई विकल्प नहीं मिलता है।” साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि इससे एक खतरनाक मिसाल कायम होती है।

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