ट्रैफिक जाम से जूझ रही साइबर सिटी में ड्रोन से ट्रैफिक का सर्वे किया जाएगा। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने इसके लिए तैयारी शुरू कर दी है।
शहर के प्रमुख चौराहों, व्यस्त सड़कों और जाम प्रभावित क्षेत्रों का ड्रोन के माध्यम से सर्वे कराया जाएगा। इसके जरिए ट्रैफिक मूवमेंट, वाहन दबाव और जाम के वास्तविक कारणों की स्टडी की जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार ड्रोन सर्वे के दौरान सड़क पर वाहनों की संख्या, ट्रैफिक फ्लो, कट और यू-टर्न की स्थिति, सिग्नल संचालन तथा भीड़भाड़ के समय का विश्लेषण किया जाएगा।
ड्रोन से मिलने वाले रियल टाइम डेटा के आधार पर यह समझने में मदद मिलेगी कि किन स्थानों पर ट्रैफिक सबसे अधिक प्रभावित हो रहा है और वहां किस प्रकार के सुधार की जरूरत है।
इन इलाकों पर रहेगा फाेकस
जीएमडीए की स्टडी में खासतौर पर साइबर सिटी, गोल्फ कोर्स रोड, सोहना रोड, दिल्ली-जयपुर हाईवे,ओल्ड व न्यू रेलवे रोड, ओल्ड दिल्ली रोड और उनसे जुड़े आंतरिक मार्गों को शामिल किया जाएगा।
इन क्षेत्रों में सुबह और शाम के समय भारी ट्रैफिक दबाव रहता है, जिससे लोगों को लंबे समय तक जाम में फंसना पड़ता है।
सुधार के लिए बनेगी कार्ययोजना
सर्वे रिपोर्ट के आधार पर ट्रैफिक सुधार के लिए शार्ट टर्म और लांग टर्म प्लान तैयार किए जाएंगे। जाम वाले प्वाइंट पर सिग्नल टाइमिंग में बदलाव, यू-टर्न व्यवस्था सुधारने, सड़क डिजाइन संशोधित करने और ट्रैफिक डायवर्जन जैसे कदम उठाए जा सकते हैं।
जीएमडीए इस स्टडी को ट्रैफिक पुलिस और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर आगे बढ़ाएगा। अधिकारियों का कहना है कि इससे शहर में ट्रैफिक प्रबंधन को और बेहतर किया जा सकेगा।
इन सड़कों पर भारी ट्रैफिक जाम की स्थिति
गोल्फ कोर्स रोड
मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो जंक्शन
सेक्टर 27–29–43–44 जंक्शन
बख्तावर चौक
ओल्ड दिल्ली रोड
न्यू रेलवे रोड
ओल्ड रेलवे रोड
राजीव चौक
राजीव चौक से सोहना चौक
झाड़सा चौक
सेक्टर 29 रोड
सेक्टर 44 रोड
गैलेरिया रोड
- 953 किलोमीटर लंबा सड़क नेटवर्क शहर के दायरे में है।
- 20 से ज्यादा चौराहों और सड़कों पर लंबा ट्रैफिक जाम लगता है।
- 8 बजे सुबह से 11 बजे और शाम को पांच बजे से दस बजे तक ट्रैफिक जाम लगता है।
- 200 से ज्यादा चौराहों और सड़कों को जीएमडीए ने सुधारने की योजना है।
- 2031 तक शहर की आबादी 42.5 लाख होने का अनुमान है।
75 प्रतिशत चौराहों पर पीक आवर में जाम
75 फीसदी से अधिक इंटरसेक्शन पर पीक आवर में जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे यात्रियों का समय बर्बाद होता है।
ईंधन की बर्बादी होती है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जीएमडीए ने शहर में कई चौराहों पर अंडरपास और फ्लाईओवर बनाने की योजना तैयार की है, ताकि वाहनों का आवागमन बिना रुकावट हो सके और भीड़भाड़ वाले क्रासिंग पर दबाव कम किया जा सके।
प्रतिदिन 71.5 लाख यात्री सफर करेंगे
गुरुग्राम मानेसर अर्बन कांप्लेक्स प्लान 2031 के अनुसार वर्ष 2031 तक शहर की आबादी 42.5 लाख होने का अनुमान है। 2041 तक आबादी 55 लाख होने की संभावना है। 2041 में प्रतिदिन 71.5 लाख यात्री शहर में सफर करेंगे।
शहर में ट्रैफिक जाम वाली सड़कों और चौराहों का पीक आवर में ड्रोन से सर्वे करवाया जाएगा। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर जाम लगने के कारणों की स्टडी करते हुए समाधान के लिए योजना तैयार की जाएगी। – पीसी मीणा, सीईओ जीएमडीए