पिछले तीन वर्षों से जारी रूस-यूक्रेन युद्ध एक बार फिर भयानक रूप ले लिया है। सोमवार को यूक्रेन की राजधानी कीव समेत कई जगहों पर रूस ने भीषण हवाई हमला किया। इस एयरस्ट्राइक में 5 बचावकर्मियों सहित कुल 9 लोगों की मौत हो गई।
रूस द्वारा किए गए इस हमले में नेस्को (UNESCO) की विश्व धरोहर सूची में शामिल कीव का ऐतिहासिक और आध्यात्मिक प्रतीक ‘पेचेर्स्क लावर मोंटेसरी’ (मठ) सीधे हमले की चपेट में आ गया, जिससे वहां भीषण आग लग गई।
कीव पेचेर्स्क लावरा मठ को भारी नुकसान
राजधानी कीव के सैन्य प्रशासन के प्रमुख तिमुर तकाचेंको ने एक टेलीग्राम पोस्ट में जानकारी दी कि साल 1051 में स्थापित और यूनेस्को (UNESCO) की विश्व धरोहर सूची में शामिल ‘कीव पेचेर्स्क लावरा’ मठ सीधे हमले की चपेट में आने से गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया है।
इस हमले पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए यूक्रेनी प्रधानमंत्री यूलिया स्विरीदेंको ने ‘X’ पर लिखा, “यह हमारे लोगों और हमारी ऐतिहासिक विरासत पर एक क्रूर हमला है। यही रूस के ऑर्थोडॉक्स मूल्यों का असली चेहरा है।”
बंकरों में ली शरण
मठ से उठती भीषण और ऊंची लपटों को देखकर स्थानीय निवासियों ने जमीन के नीचे बने बंकरों में शरण ली। जून की शुरुआत के बाद से यूक्रेन पर रूस का यह अब तक का सबसे भयानक हवाई हमला माना जा रहा है। इससे पहले जून के शुरुआती हफ्ते में हुए ड्रोन और मिसाइल हमलों में 20 से अधिक लोगों की जान चली गई थी और 100 से ज्यादा लोग घायल हुए थे।
यह नया हमला तब हुए जब यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने रविवार को कहा कि उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बात की है और इस हफ्ते फ्रांस में होने वाली G7 बैठक से पहले चार साल से ज्यादा समय से चल रहे संघर्ष को खत्म करने के प्रयासों पर चर्चा की है।
1 लाख 40 हजार लोगों के घरों की बिजली गुल
कीव अधिकारियों के अनुसार, रूस द्वारा किए गए इस भीषण हमले के दौरान कई रिहायशी इमारतों, बाजारों और नागरिक ठिकानों को नुकसान पहुंचा। हमलों के कारण कई रिहायशी इमारतें क्षतिग्रस्त हो गई हैं और करीब 1 लाख 40 हजार लोगों के घरों की बिजली गुल हो गई है।
और क्या करना बाकी रह गया है?
यूक्रेन के ऑर्थोडॉक्स चर्च के प्रमुख, मेट्रोपॉलिटन एपिफ़ानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर तीखा रुख अपनाते हुए कहा, “क्रेमलिन के उस ‘एंटीक्राइस्ट’ (शैतान) को और क्या करना बाकी रह गया है ताकि दुनिया यह समझ सके कि अब निर्णायक कदम उठाने का समय आ गया है? यूक्रेन के खिलाफ रूसी आतंक और शांति के बुनियादी सिद्धांतों पर हो रहे इन हमलों का अंत होना ही चाहिए।”
इस बीच, यूरोपीय संघ (EU) और नाटो (NATO) के सदस्य पड़ोसी देश पोलैंड ने सोमवार को अपने हवाई क्षेत्र में संभावित रूसी घुसपैठ की आशंका के चलते एहतियातन लड़ाकू विमानों को तैनात कर दिया था। हालांकि, बाद में पोलिश सेना ने ‘X’ पर जानकारी दी कि हवाई क्षेत्र के उल्लंघन की कोई घटना नहीं हुई है, जिसके बाद अलर्ट वापस ले लिया गया।
अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जाने की तैयारी
मठ पर हुए भीषण हमले को लेकर यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबिहा ने कहा कि इस बर्बरतापूर्ण कृत्य के खिलाफ त्वरित और उचित वैश्विक प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए यूक्रेन जल्द ही यूनेस्को (UNESCO) और अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों का दरवाजा खटखटाएगा। वहीं, एस्टोनिया के विदेश मंत्री मार्गस त्साहकना ने भी इन रूसी हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की है।
यूक्रेनी इलाकों और मध्य रूस में जारी गोलाबारी
सोमवार तड़के यूक्रेन के एक बड़े हिस्से में हवाई हमले के सायरन गूंजते रहे। दोनों देशों की ओर से एक-दूसरे पर लगातार हमले किए जा रहे हैं, जिसके तहत रूस के आसमान में यूक्रेनी ड्रोनों को खदेड़ा गया।
यूक्रेन के आंतरिक मामलों के मंत्री इहोर क्लिमेनको ने टेलीग्राम पर बताया कि देश के दूसरे सबसे बड़े शहर खार्कीव में रूस द्वारा किए गए दूसरे हमले में आपातकालीन सेवा (Emergency Services) के 5 बचावकर्मियों की मौत हो गई और कम से कम 5 अन्य घायल हो गए। इसके अलावा, स्थानीय अधिकारियों के अनुसार सुमी इलाके में भी एक बच्चे सहित 3 लोग घायल हुए हैं।
हालांकि, रूस और यूक्रेन दोनों ही नागरिक ठिकानों पर जानबूझकर हमला करने के आरोपों से इनकार करते हैं। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने स्पष्ट किया है कि वह स्वतंत्र रूप से इन दावों की पुष्टि नहीं करता है।