जीर्ण-शीर्ण दस्तावेज के कारण रुक रहे थे कृषि कार्य, राजस्व विभाग ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत किया निराकरण
आमजन और प्रशासन के बीच विश्वास का मजबूत माध्यम बन रहे हैं जन समस्या निवारण शिविर
रायपुर, 05 जून 2026
राज्य शासन द्वारा आयोजित सुशासन तिहार आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित और समयबद्ध समाधान का एक प्रभावी जरिया साबित हो रहा है।
इसी कड़ी में गौरेला-पेंड्रा- मरवाही (जीपीएम) जिले के पेंड्रा निवासी किसान अमृत लाल को इस जनहितकारी पहल से बड़ी राहत मिली है। लंबे समय से अपनी क्षतिग्रस्त व पुरानी किसान किताब के कारण परेशान चल रहे अमृत लाल की समस्या का निवारण सुशासन तिहार शिविर के माध्यम से तत्काल कर दिया गया।
*कृषि कार्यों में आ रही थी रुकावट*
पेंड्रा के परिश्रमी कृषक अमृत लाल ने बताया कि खेती-किसानी और भूमि संबंधी कार्यों के लिए किसान किताब एक अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज है। शासकीय योजनाओं का लाभ लेने, बैंकिंग कार्यों और अन्य प्रशासनिक प्रक्रियाओं में इसकी अनिवार्य रूप से आवश्यकता होती है। समय के साथ उनकी यह मूल किताब काफी पुरानी और जीर्ण-शीर्ण हो गई थी, जिससे उन्हें हर जगह दस्तावेज प्रस्तुत करने में बार-बार दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
*राजस्व विभाग की तत्परता से हुआ त्वरित समाधान*
पेंड्रा में सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित जन समस्या निवारण शिविर में जब किसान अमृत लाल ने अपनी इस व्यथा को प्रशासन के सामने रखा, तो राजस्व विभाग ने इस पर तुरंत संवेदनशीलता दिखाई। शिविर में प्राप्त आवेदन पर तत्काल आवश्यक विभागीय प्रक्रिया पूरी की गई और मौके पर ही उन्हें नई किसान किताब सौंप दी गई।
*किसान ने जताया सरकार का आभार*
नई किसान किताब प्राप्त होने पर खुशी जाहिर करते हुए अमृत लाल ने कहा अब मुझे खेती और बैंकिंग से जुड़े कार्यों के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। सुशासन तिहार जैसे आयोजन हम जैसे छोटे और ग्रामीण क्षेत्र के किसानों की तकलीफों को सीधे समझने और उनका तुरंत समाधान करने का सबसे बेहतरीन मंच हैं।
यह सफलता इस बात का प्रत्यक्ष प्रमाण है कि राज्य सरकार की जनहितैषी नीतियां और संवेदनशील कार्यप्रणाली समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रही हैं तथा जरूरतमंदों को समय पर राहत प्रदान कर उनका प्रशासन पर विश्वास मजबूत कर रही हैं।