रायगढ़ : रेत के अवैध तस्करी के खिलाफ वन विभाग की कार्रवाई, 12 ट्रेक्टर जब्त…

कुरकुट नदी से हो रही थी रेत चोरी, तस्करों ने जंगल के बीच बना लिया था गुप्त रास्ता

वन अपराध का प्रकरण दर्ज, तस्करों पर होगी कड़ी कानूनी कार्रवाई

जिले में रेत के अवैध उत्खनन और तस्करी के खिलाफ वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए घरघोड़ा वन परिक्षेत्र में रेत से लदे 12 ट्रैक्टरों को जब्त किया है।

लंबे समय से जंगल के रास्ते अवैध रूप से रेत की निकासी की जा रही थी, जिसकी सूचना मिलने पर वन विभाग ने योजनाबद्ध तरीके से दबिश देकर तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया।

वन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, घरघोड़ा वन परिक्षेत्र के अंतर्गत बैहामुडा के पास स्थित कुरकुट नदी से बड़े पैमाने पर अवैध रेत उत्खनन किया जा रहा था।

रेत माफियाओं ने तस्करी के लिए घने जंगल के बीच से एक गुप्त मार्ग तैयार कर लिया था, ताकि मुख्य सड़कों और जांच चौकियों से बचते हुए आसानी से रेत का परिवहन किया जा सके। लंबे समय से इस रास्ते का उपयोग कर अवैध कारोबार संचालित किया जा रहा था।

मामले की जानकारी मिलते ही वनमंडलाधिकारी श्री अरविंद पी. एम. के निर्देशन, उप वनमंडलाधिकारी घरघोड़ा श्री आशुतोष मांडवा के मार्गदर्शन तथा वनपरीक्षेत्र अधिकारी श्री विक्रांत कुमार के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने विशेष अभियान चलाया। वन अमले ने जंगल के विभिन्न हिस्सों में घेराबंदी कर दबिश दी और मौके पर बिना वैध अनुमति एवं बिना परिवहन पास के रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन करते हुए 12 ट्रैक्टरों को पकड़ लिया।

कार्रवाई के दौरान वन विभाग की टीम को देखकर कई तस्करों ने मौके से भागने की कोशिश की, लेकिन विभाग ने रेत से लदे सभी ट्रैक्टरों को अपने कब्जे में ले लिया। जब्त किए गए वाहनों को घरघोड़ा वन परिक्षेत्र कार्यालय लाया गया है, जहां उनकी जांच और दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है। वन विभाग ने इस मामले में भारतीय वन अधिनियम के तहत वन अपराध प्रकरण दर्ज कर लिया है और इसमें शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि वन क्षेत्र में अवैध खनन, रेत तस्करी और प्राकृतिक संसाधनों की चोरी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वन विभाग की इस कार्रवाई से जिले में सक्रिय रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन और तस्करी के खिलाफ विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा तथा वन संपदा को नुकसान पहुंचाने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *