स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिला न्यायालय में चला प्लास्टिक मुक्त अभियान
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिला न्यायालय मुंगेली में पर्यावरण संरक्षण और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से “प्लास्टिक मुक्त अभियान” का आयोजन किया गया।
अभियान के माध्यम से एकल-उपयोग प्लास्टिक एवं डिस्पोजल सामग्री के उपयोग को हतोत्साहित करते हुए “प्लास्टिक हटाएं, पर्यावरण एवं स्वास्थ्य बचाएं” का संदेश दिया गया।
अभियान के दौरान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती गिरिजा देवी मेरावी सहित कुटुम्ब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश तथा अन्य न्यायाधीशगण की गरिमामयी उपस्थिति में न्यायालयीन अधिकारी-कर्मचारियों को मिट्टी से निर्मित पर्यावरण-अनुकूल पानी की बोतलों का वितरण किया गया। इस पहल के माध्यम से प्लास्टिक की बोतलों के स्थान पर स्थानीय, पर्यावरण हितैषी एवं पुनः उपयोग योग्य विकल्प अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
इसी क्रम में व्यवहार न्यायालय, लोरमी में भी माननीय न्यायाधीशगण द्वारा न्यायालयीन स्टाफ को मिट्टी की पानी की बोतलें वितरित की गईं। इस पहल के जरिए दैनिक जीवन में पर्यावरण-अनुकूल वस्तुओं के उपयोग को बढ़ावा देने तथा प्रकृति संरक्षण को व्यवहार का हिस्सा बनाने का संदेश दिया गया। अभियान के दौरान प्लास्टिक थैली, कप, बोतल, प्लेट सहित अन्य एकल-उपयोग एवं डिस्पोजेबल सामग्री से होने वाले पर्यावरणीय प्रदूषण, जल एवं मृदा प्रदूषण तथा स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। साथ ही कपड़े एवं जूट के थैलों तथा पुनः उपयोग योग्य वस्तुओं को अपनाने की अपील की गई।
जिला न्यायालय की यह पहल केवल प्लास्टिक के उपयोग को कम करने तक सीमित नहीं है, बल्कि दैनिक जीवन में पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी और स्वस्थ जीवनशैली को व्यवहार का हिस्सा बनाने की दिशा में सार्थक कदम है। मिट्टी की बोतलों के उपयोग को प्रोत्साहित कर स्थानीय एवं पर्यावरण-अनुकूल विकल्पों को बढ़ावा दिया गया। अभियान के दौरान न्यायाधीशगण, न्यायालय प्रबंधक तथा जिला न्यायालय के अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे।