अब 30 लाख रुपये से अधिक के बैनामों पर आयकर विभाग सीधी नजर रख रहा है। इसलिए नियमों की अनदेखी कर कृषि, घरेलू भूमि, मकान, दुकान और व्यवसायिक भवन खरीदने वालों की मुश्किल बढ़ सकती है। आयकर की टीमें अभी तक जसराना और शिकोहाबाद के उप निबंधक कार्यालयों में छापेमारी कर अभिलेख ले जा चुकी है।
अब तक दो उप निबंधक कार्यालयों में हो चुकी है छापेमारी
बैनामों में नकद लेनदेन पर सरकार ने रोक लगा रखी है। इसके साथ ही खरीदार को आधार और पैन कार्ड लगाने के भी निर्देश हैं। इसके बाद भी कई मामलों में नकद लेनदेन होने की शिकायतें आती रहती हैं।
आधार और पैन कार्ड लगाने में भी जानबूझकर गड़बड़ी की जाती है, लेकिन अब ऐसा नहीं हो सकेगा। यदि किसी तहसील में 30 लाख से अधिक संपत्ति की खरीद अथवा बिक्री के लिए बैनामा कराया जाता है, तो ऐसे प्रकरणों की जांच के लिए आयकर विभाग की टीमें पहुंच रही हैं।
गड़बड़ी मिलने पर साथ ले जा रहे रिकॉर्ड, बढ़ सकती है मुश्किल
पिछले माह जसराना और शिकोहाबाद तहसील के रजिस्ट्री कार्यालय में आगरा से इंटेलिजेंस एंड क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन विंग के अधिकारी वरुण गोयल के नेतृत्व में ऐसे बैनामों की जांच की गई। अधिकारी गड़बड़ी मिलने पर कई रिकार्ड भी अपने साथ ले गए।