वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय से संबद्ध गाजीपुर व जौनपुर के महाविद्यालयों की लापरवाही का खामियाजा हजारों विद्यार्थियों को भुगतना पड़ सकता है।विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से लगातार निर्देश जारी किए जाने के बावजूद 50 प्रतिशत से अधिक महाविद्यालय अब तक विभिन्न पाठ्यक्रमों के आंतरिक, सेशनल, प्रायोगिक एवं डिसर्टेशन के अंक पोर्टल पर अपलोड नहीं कर सके हैं।इससे परीक्षा परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए परीक्षा नियंत्रक डॉ. विनोद कुमार सिंह ने सोमवार को महाविद्यालयों को तीसरा जारी करते हुए इसे “अति आवश्यक” श्रेणी में रखा है। इससे पहले भी दो बार महाविद्यालयों को निर्देश दिए जा चुके हैं, लेकिन उसका अपेक्षित असर नहीं दिखा।निर्देश में कहा गया है कि विश्वविद्यालय का मूल्यांकन कार्य लगभग समाप्ति की ओर है तथा अंकों का संकलन भी प्रगति पर है। कई पाठ्यक्रमों के परिणाम घोषित होने लगे हैं, लेकिन कुछ महाविद्यालयों द्वारा अब तक अंक अपलोड नहीं किए जाने के कारण शेष परिणामों की घोषणा में बाधा उत्पन्न हो रही है।
परीक्षा नियंत्रक ने विश्वविद्यालय से संबद्ध सभी महाविद्यालयों को निर्देशित किया है कि वे अपने यहां संचालित सभी पाठ्यक्रमों और विषयों के आंतरिक, सेशनल, प्रायोगिक तथा डिसर्टेशन आदि के अंक 25 जून तक हर हाल में संबंधित पोर्टल पर अपलोड करना सुनिश्चित करें, ताकि समय से परीक्षा परिणाम जारी किए जा सकें। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि निर्धारित तिथि तक अंक अपलोड नहीं होने की स्थिति में संबंधित महाविद्यालय स्वयं इसके लिए उत्तरदायी होंगे।