भारत के पूर्वोत्तर से जुड़े बनेई मेनाशे समुदाय के 250 लोग इजरायल पहुंच गए हैं। यह उस योजना का पहला जत्था है, जिसके तहत आने वाले वर्षों में हजारों लोगों को बसाने की तैयारी है।
गुरुवार को पारंपरिक परिधान में पहुंचे इन लोगों का एयरपोर्ट पर जोरदार स्वागत किया गया। मणिपुर और मिजोरम में रहने वाला बनेई मेनाशे समुदाय खुद को प्राचीन इस्त्रायली कबीले का वंशज मानता है।
भारत से इजरायल जा रहे मेनाशे समुदाय के लोग
1990 के दशक से अब तक करीब 4000 लोग इजरायल जा चुके हैं, जबकि लगभग 6000 अब भी इंतजार में हैं। इजरायल सरकार ने 2026 के अंत तक 1200 और लोगों को बसाने का लक्ष्य तय किया है।
इसके लिए ऑपरेशन विंग्स ऑफ डॉन के तहत लगातार उड़ानों की योजना बनाई गई है। इस पूरी प्रक्रिया पर करीब नौ करोड़ शेकेल (लगभग तीन करोड़ डॉलर) खर्च होने का अनुमान है, जिसमें हवाई यात्रा, आवास, हिब्रू भाषा प्रशिक्षण और अन्य सुविधाएं शामिल हैं।