अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ब्रिटेन की स्काच व्हिस्की पर लगे टैरिफ हटाने का ऐलान किया है।
यह फैसला किंग चार्ल्स तृतीय और क्वीन कैमिला के चार दिन के अमेरिकी दौरे के समापन पर लिया गया। यह दौरा अमेरिका की ब्रिटेन से आजादी के 250 साल पूरे होने के मौके से भी जुड़ा था।
ट्रंप ने कहा कि यह कदम किंग और क्वीन के सम्मान में है और मुलाकात ने फैसले को प्रभावित किया।इस फैसले के पीछे तीन बड़ी वजहें रहीं पहली, ब्रिटेन के साथ रिश्तों में आई खटास को कम करना, दूसरी, लंबे समय से जारी व्यापारिक दबाव और तीसरी, 250वीं वर्षगांठ जैसा प्रतीकात्मक मौका।
स्कॉच पर 10 प्रतिशत टैरिफ
स्कॉच व्हिस्की इंडस्ट्री लंबे समय से 10 प्रतिशत टैरिफ हटाने की मांग कर रही थी, क्योंकि अमेरिका उसका सबसे बड़ा बाजार है।
साथ ही स्काटलैंड हर साल केंटकी से महंगे ओक बैरल खरीदता है, जिससे दोनों देशों का व्यापार गहराई से जुड़ा है।
यह कदम एक बड़े अमेरिका-ब्रिटेन आर्थिक समझौते का हिस्सा भी माना जा रहा है, जिसमें फार्मा और एथेनाल जैसे सेक्टर शामिल हैं।
स्कॉच उद्योग को बड़ी राहत
कंपनियों में उछालब्रिटेन के व्यापार मंत्री पीटर काइल ने इसे बड़ी राहत बताया। करीब एक अरब पाउंड के निर्यात और हजारों नौकरियों को इससे मजबूती मिलेगी।
डियाजियो ने फैसले का स्वागत किया और खबर के बाद उसके शेयरों में करीब तीन प्रतिशत उछाल आया।
कुल मिलाकर, रायल विजिट, 250 साल का ऐतिहासिक मौका और व्यापारिक हित इन तीनों ने मिलकर अमेरिका को टैरिफ हटाने के लिए प्रेरित किया, जिससे दोनों देशों के रिश्तों में नई मिठास दिख रही है।