फ्रांस में शिक्षा के लिए फंडिंग बढ़ाने की मांग कर रहे स्कूली छात्रों के प्रदर्शन के समर्थन में मंगलवार को देशभर में प्रदर्शन किए गए।
देश के विभिन्न शहरों में हजारों छात्रों ने सड़कों पर उतरकर इनकी मांगों का समर्थन किया। कई जगहों पर छात्रों के साथ झड़प होने पर पुलिस की ओर से आंसू गैस के गोले दागने की खबर है। इधर, देश में जेनजी के आंदोलन के चलते राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों पर दबाव बढ़ गया है।
फ्रांस के शहरों में छात्रों ने हाई स्कूलों का घेराव किया, जबकि इस दौरान कई जगहों पर झंडे और प्लेकार्ड लेकर प्रदर्शन किए गए। ये प्रदर्शन इस बात के संकेत हैं कि सितंबर के मध्य में पेरिस के एक हाई स्कूल में शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन राष्ट्रीय आंदोलन का रूप ले लिया है।
उत्तरी शहर लिले में एक प्रदर्शनकारी ने कहा, “हमें उन्हें सुनना चाहिए।” इधर, गृह मंत्रालय का अनुमान है कि मंगलवार की सुबह पेरिस के बाहरी इलाकों में प्रदर्शनों में करीब 86 हजार लोग शामिल हुए। जबकि दोपहर बाद राजधानी में होने वाले प्रदर्शनों में इससे ज्यादा लोग शामिल होने के लिए जमा हो रहे थे।
उल्लेखनीय है कि फ्रांस में छात्र स्कूलों की खराब स्थिति और कर्मचारियों की कमी समेत बेहतर सुविधाओं की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं।