विदेशी मुद्रा भंडार बचाने के लिए देशवासियों से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अपील के बाद कई राज्यों ने पेट्रोल-डीजल बचाने के लिए बड़े फैसले लिए हैं।
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार और मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार ने मुख्यमंत्रियों और मंत्रियों के काफ ले में 50 प्रतिशत की कटौती का आदेश दिया है।
गुजरात के राज्यपाल नहीं करेंगे हवाई सफर
वहीं, महाराष्ट्र में मंत्रियों या सरकारी अधिकारियों को चार्टर्ड या सरकारी विमान का उपयोग करने से पहले मुख्यमंत्री कार्यालय से लिखित मंजूरी लेनी होगी। गुजरात के राज्यपाल ने भी हवाई यात्रा छोड़कर सड़क और रेल मार्ग से यात्रा करने का निर्णय लिया है।
पश्चिम एशिया में अनिश्चितता के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशवासियों से राष्ट्रहित में पेट्रोल-डीजल, गैस, खाद्य तेल, उर्वरक आदि की खपत कम करने, डेस्टिनेशन वेडिंग से बचने से लेकर वर्क फ्राम होम अपनाने और स्कूलों में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू करने की अपील की थी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी पहले में हुए शामिल
लखनऊ राज्य ब्यूरो के अनुसार, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी की तर्ज पर प्रदेशवासियों से ईंधन की खपत कम करने, अनावश्यक सोने की खरीदारी से बचने और स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता देने की अपील की।
सप्ताह में एक दिन ‘नो व्हीकल डे’ मनाया जाए
उन्होंने मुख्यमंत्री, मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों की फ्लीट में तत्काल 50 प्रतिशत तक कमी का निर्देश दिया। उन्होंने सरकारी बैठकों, सेमिनारों और वर्कशाप को अधिक से अधिक वर्चुअल माध्यम से आयोजित करने पर जोर दिया। कहा कि सप्ताह में एक दिन ‘नो व्हीकल डे’ मनाया जाए। मंत्री, सांसद, विधायक व अन्य जनप्रतिनिधि सप्ताह में कम से कम एक दिन सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करें।
मुख्यमंत्री ने मेट्रो, पीएनजी, इलेक्टि्रक वाहनों, कार पूलिंग और परिवहन निगम की बसों के अधिक उपयोग पर बल दिया। नई दुनिया ब्यूरो के अनुसार, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने काफिले में से पांच वाहन कम कर दिए हैं। इसी तरह मुख्यमंत्री के भ्रमण के समय कोई वाहन रैली आयोजित नहीं की जाएगी।
सरकार ने मंत्रियों से भी कहा है कि वे यात्रा के समय कम से कम वाहनों का प्रयोग करें। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति डीडी बंसल मंगलवार को जबलपुर में साइकिल चलाकर कोर्ट पहुंचे। उन्होंने सिविल लाइन स्थित अपने सरकारी आवास से करीब तीन किलोमीटर का सफर साइकिल से तय किया।
केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कही ये बात
प्रेट्र के अनुसार, महाराष्ट्र पर्यटन मंत्री शंभूराज देसाई ने अपने परिवार के साथ यूरोप की यात्रा रद कर दी, जबकि उनके सहयोगी ने अधिकारियों के साथ एक ऑनलाइन बैठक की। वहीं, केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने मंगलवार को मुंबई में मेट्रो ट्रेन से यात्रा की और लोगों से ईंधन बचाने के लिए सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने का आग्रह किया।
गुजरात के राज्यपाल करेंगे साधारण बस व ट्रेन से सफर
गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने साधारण बस व ट्रेन से सफर का फैसला किया है। राज्यपाल हवाई यात्रा से परहेज करेंगे तथा प्रोटोकोल के तहत मिली जेड प्लस सुरक्षा को भी घटाने का एलान किया है। गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने अमेरिका की अपनी प्रस्तावित यात्रा रद कर दी है। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने किसी भी सरकारी या निजी कार्यक्रम में पायलट या एस्कार्ट कारों का उपयोग नहीं करने का निर्णय लिया है।
दिल्ली के मंत्री ने मेट्रो व ई-रिक्शा की सवारी की
दिल्ली के गृह मंत्री आशीष सूद ने मेट्रो व ई-रिक्शा की सवारी कर सरकारी बैठकों व कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। सूद ने आइएनए से मेट्रो में सवार होकर कड़कडडूमा तक मेट्रो में सफर किया।
इसके बाद ई-रिक्शा से सूरजमल विहार में आयोजित संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए। केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर सिर्फ स्कार्ट गाड़ी के साथ फरीदाबाद में सरकारी बैठकों और कार्यक्रमों में शामिल हुए।
उत्तराखंड में ईवी नीति जल्द, ऑनलाइन लगेंगी कक्षाएं
उत्तराखंड में प्रेट्रोल डीजल की बचत के लिए इलेक्टि्रकल व्हीकल नीति बनाने जा रहा है। इसके अलावा सरकारी विद्यालयों में ऑनलाइन कक्षाओं और कार्यालयों में वर्क फ्राम होम को लेकर मंथन किया जा रहा है।
जम्मू कश्मीर में शिक्षण संस्थानों में अपनाए जा रहे उपाय
जम्मू विश्वविद्यालय ने 22 मई को पुंछ कैंपस में होने वाली अकादमिक काउंसिल की बैठक को अब जम्मू में ही आयोजित करने का निर्णय लिया है। विश्वविद्यालय ने तय किया है कि पीएचडी की वाइवा-परीक्षाएं ऑनलाइन माध्यम से आयोजित की जाएंगी। जम्मू पश्चिम के भाजपा विधायक अरविंद गुप्ता ने अपने सरकारी वाहन के बजाय ईवी वाहन में सफर किया।
शरद पवार ने की सर्वदलीय बैठक की मांग
विदेशी मुद्रा बचाने की प्रधानमंत्री मोदी की अपील के बाद राकांपा (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार ने इस मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। पवार ने अपने एक्स पर पोस्ट में कहा कि प्रधानमंत्री की घोषणाओं ने आम नागरिक, उद्योग जगत और निवेशकों के बीच ¨चता का माहौल पैदा कर दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए, प्रधानमंत्री को अपनी अध्यक्षता में सर्वदलीय बैठक बुलानी चाहिए।