हरियाणा पुलिस में ASI सहायक उप-निरीक्षक संदीप कुमार लाठर की आत्महत्या के मामले ने IPS वाई पूरन कुमार सुसाइड केस की जांच को नया मोड़ दे दिया है।
मरने से पहले लाठर ने कथित तौर पर एक वीडियो जारी किया है, जिसमें उन्होंने पूरन कुमार, उनकी पत्नी और IAS अधिकारी अमनीत पी कुमार समेत कई लोगों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं।
इसके अलावा एएसआई ने यौन शोषण समेत कई आरोप भी लगाए हैं।
हरियाणा पुलिस में ASI सहायक उप-निरीक्षक संदीप कुमार लाठर की आत्महत्या के मामले ने IPS वाई पूरन कुमार सुसाइड केस की जांच को नया मोड़ दे दिया है।
मरने से पहले लाठर ने कथित तौर पर एक वीडियो जारी किया है, जिसमें उन्होंने पूरन कुमार, उनकी पत्नी और IAS अधिकारी अमनीत पी कुमार समेत कई लोगों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं। इसके अलावा एएसआई ने यौन शोषण समेत कई आरोप भी लगाए हैं।
‘मैं आज आपको सच्चाई बता रहा हूं, सच्चाई से रूबरू करा रहा हूं। इनकी भ्रष्टाचार की जड़ें बहुत गहरी हैं। जो इनके खिलाफ कम्प्लेंट हुई थी, उसी भ्रष्टाचार से डरकर इसने सुसाइड करा है। एक चीज और मैं बता देता हूं, जब हमने वहां सुशील को पकड़ा था, गनमैन को वहां पर तो इसने रास्ते में बताया कि एक चीज तो और रह गई भाई।
मैंने पूछा क्या रह गया भाई, तो इसने कहा कि मैं एक जगह से और मंथली कलेक्शन लेकर आया था और पैसे डैशबोर्ड में रह गए हैं। धर्मेंद्र उस गाड़ी को लेकर उड़ गया है। धर्मेंद्र और सुशील कुमार उस गाड़ी में दो आदमी थे, जब इसको पकड़ा गया और जांच में शामिल होने के लिए नोटिस दिया गया। तब इसने बोला कि कोई दिक्कत नहीं, सर बैठे हैं, 10 मिनट में बाहर मैं।’
‘भाई हमें तुम्हारा क्या करना है। तेरे खिलाफ एक आदमी शिकायत कर रहा है। हमारी पुलिस की ड्यूटी है, हम पकड़ेंगे और अधिकारियों के सुपुर्द करेंगे। आगे तेरे खिलाफ न्यायिक जांच होगी। लेकिन भाई इनका अहंकार इतना तगड़ा था। जब देखा कि तेरे पाप का घड़ा भर गया है, पराकाष्ठा हो गई है। जब इस आदमी को लगा कि यह बदनाम होगा, परिवार की राजनीति में नुकसान पड़ेगा, सारी चीजों में नुकसान पड़ेगा, तो इसने सबको बचाने अपने परिवार को बचाने के लिए सुसाइड कर ली।’
‘इसकी घरवाली को भी डर है कि कहीं इसके भी भ्रष्टाचार का भंडा ना फूट जाए। आयोग में बैठकर इसने फादर ने सब ने भ्रष्टाचार किया है। इनकी भी जांच होनी चाहिए, संपत्ति की। इनको लाइसेंस नहीं मिल गया कि भ्रष्टाचार करेंगे। सच्चाई सामने आनी चाहिए कि इसने भ्रष्टाचार किया था, परेशान किया है सबको, इसने रिश्वत ली है। भ्रष्टाचारी आदमी था ये। मैं सच्चाई कह रहा हूं कि जो पैसे टीएचसी वहां से सुनारिया टीएचसी ने इसको लाकर दिए हैं सुशील को, वो पैसे इसके पास पहुंचे हैं। वो पैसे गाड़ी के डैशबोर्ड में थे। वो पैसे इसकी लड़की ने लिए हैं।’
‘मैं अपनी आहूति दे रहा हूं इस चीज पर, क्योंकि मुझे पता लग गया है कि कौमें और देश की जनता आहूति पर जागती हैं। कोई बात नहीं भाई, मेरे तो दादा भी देश की खातिर लड़े हैं तो पोता भी लड़ पड़ा, कोई बात नहीं। परिवार के लिए गर्व महसूस करता हूं कि मैं ईमानदारी के साथ खड़ा रहा, मैं ईमानदार आदमी था। ठीक है, अगर मैं ईमानदार नहीं होता तो मेरे बैंक को वो करवा के देख लो…। मैं सक्षम हूं, एक जमींदार का बेटा हूं, लेकिन मैं ऐसा भ्रष्टाचारी नहीं हूं। मैं भगत सिंह का फैन हूं और भगत सिंह जैसा ही हूं, किसी से डरता नहीं हूं। लेकिन आज पब्लिक को जगाने के लिए, देश को जगाने के लिए ये जरूरी हो गया कि इस सच्चाई की लड़ाई में पहली आहूति मैं दे रहा हूं।’
‘अरे इतने ईमानदार आदमी रहे, जो डीजीपी रहे…। इस देश के लिए भगत सिंह जैसे कुर्बान हो गए, सब यूं ही है? आज अगर वह जिंदा होते, तो उन्हें शर्म आती कि किसकी खातिर लड़ गए। पूरन कुमार जैसे लोगों की खातिर, इसकी घरवाली के खातिर, जो भ्रष्टाचारी हैं. जो आयोग में बैठे हैं इसके रिश्तेदार सारे। केवल इसी चीज का प्रेशर। और जातिगत रंग देने की कोशिश इसलिए कर रहे हैं, क्योंकि भ्रष्टाचार के जो।’
‘देखो एक व्यापारी आदमी है, जुर्म के खिलाफ उसने लड़ने का साहस किया। उसको दबाया जा रहा है, उसकी सच्चाई को सामने कोई नहीं लाना चाह रहा। इसको दाह संस्कार नहीं करना होगा। पॉलिटिक्स मिलाकर बहुत बड़ी सच्चाई सामने आने से रोकी जा रही है। मैं ऐसा नहीं होने दूंगा, सच्चाई सामने आनी चाहिए। इन लोगों ने गलत किया है गलत का फल इन्हें मिलेगा। इसके साथ ही अलविदा दोस्तों। अगले जन्म में आएंगे, तब भी ऐसी लड़ाई लड़ेंगे।’