केरलम के त्रिशूर में ड्रग्स की तस्करी के आरोप में दो महिलाओं समेत सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है। शहर के जिला एंटी-नारकोटिक स्पेशल एक्शन फोर्स को पता चला कि गिरफ्तार महिलाओं में से एक ने कार में सफर करते समय दो ग्राम सिंथेटिक ड्रग अपने प्राइवेट पार्ट्स में छिपाकर रखा था।
यह ड्रग-विरोधी ऑपरेशन त्रिशूर के वणियमपारा में गाड़ियों की चेकिंग के दौरान शुरू हुआ, जहां अधिकारियों ने पलक्कड़ के एक रिजॉर्ट से त्रिशूर जा रही स्विफ्ट कार को रोका। गाड़ी से गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान शिफास (26), विद्या (28), जिष्णु (27) और श्रीलक्ष्मी (20) के तौर पर हुई। ये सभी गुरुवायुर-पावरट्टी इलाके के रहने वाले हैं।
प्राइवेट पार्ट में मिला एमडीएमए
तलाशी के दौरान, पुलिस को एक महिला के प्राइवेट पार्ट्स में छिपाकर रखा गया दो ग्राम एमडीएमए मिला। इसके बाद जांच करने वालों ने जांच तेज कर दी। आरोपियों से पूछताछ के आधार पर अधिकारियों ने शिफास के घर की तलाशी ली और 18 ग्राम और एमडीएमए बरामद किया।
इसके बाद पुलिस की जांच उन्हें चावक्कड के पंचारामुक्कू में एल्युमीनियम बनाने वाली एक वर्कशॉप तक ले गई। पुलिस ने बताया कि उन्हें वर्कशॉप से 288 ग्राम एमडीएमए और मिला। यह नशीला पदार्थ एक ही कवर के अंदर रखे तीन पैकेटों में छिपाकर रखा गया था।
कुल 308 ग्राम एमडीएमए किया गया जब्त
जांच के दौरान, पुलिस ने शब्बीर (34), अनशाद (31) और टी.टी. सुमेष (25) को भी गिरफ्तार किया, जिन पर ड्रग नेटवर्क का हिस्सा होने का शक है। जांच करने वालों ने बताया कि मोबाइल फोन से मिले सबूतों की मदद से बाकी आरोपियों का पता लगाने और ड्रग्स का बड़ा जखीरा बरामद करने में कामयाबी मिली।
इस ऑपरेशन में कुल 308 ग्राम एमडीएमए जब्त किया गया। ये हाल के महीनों में त्रिशूर जिले में ड्रग्स के खिलाफ की गई सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक है।