रूस ने मंगलवार को यूक्रेन पर 100 से ज्यादा ड्रोन और दो बैलेस्टिक मिसाइलों से हमला किया।
यूक्रेनी विदेश मंत्रालय के अनुसार इस बार भी राजधानी कीव को निशाना बनाकर ज्यादातर ड्रोन और मिसाइल दागे गए। इनसे हुए नुकसान का अभी पता नहीं चला है। हाल के दिनों में रूस ने कीव पर हमले बढ़ाए हैं।
रूस ने कहा है कि आने वाले दिनों में वह कीव के हथियार बनाने वाले कारखानों और सैन्य ठिकानों पर हमले तेज करेगा। ऐसे में कीव में रहने वाले विदेशी नागरिक, राजनयिक और दूतावासकर्मी यूक्रेनी राजधानी छोड़ दें।
इस बाबत रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने सोमवार को अपने अमेरिकी समकक्ष मार्को रूबियो से उनके भारत दौरे में टेलीफोन पर बात की थी और अमेरिकी नागरिकों को कीव से हटाने के लिए कहा था।
साथ ही यूक्रेनी नागरिकों को यूक्रेन सरकार के भवनों और सैन्य ठिकानों से दूर रहने के लिए कहा है। लेकिन यूक्रेन सरकार ने विदेशी नागरिकों से रूस की ब्लैकमेलिंग में न फंसने और कीव न छोड़ने की अपील की है।
इसके बाद मंगलवार को यूरोपीय संघ (ईयू), फ्रांस और पोलैंड के प्रतिनिधियों ने कीव न छोड़ने का एलान किया है। किसी अन्य देश के राजनयिक ने भी अभी तक कीव नहीं छोड़ा है।
ईयू के विदेश मामलों के विभाग ने ब्रसेल्स में कार्यरत रूसी प्रतिनिधि को तलब कर भय पैदा करने पर चेतावनी दी है।
इस बीच रूस ने कहा है कि उसकी सेना ने यूक्रेन के सुमी क्षेत्र के दो और गांवों पर कब्जा कर लिया है। रूस में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सेना में भर्ती होने वाले युवाओं के परिवारों पर सरकारी कर्ज को माफ करने की घोषणा की है।
इसी के साथ सरकार के साथ बैठक में रूसी उद्योगपतियों ने अपने कारखानों-प्रतिष्ठानों को यूक्रेन के ड्रोन हमलों से बचाने के लिए एंटी एयरक्राफ्ट गन, लेजर वेपन और छोटे आकार के एयर डिफेंस सिस्टम लगाने पर सहमति जताई है।