मध्य पूर्व संघर्ष का असर धीरे-धीरे भारत में आम जनता पर दिखने लगा है। संघर्ष शुरू होने के बाद LPG सिलेंडर से लेकर पेट्रोल-डीजल तक सब कुछ महंगा हो गया है। आने वाले समय में और भी बहुत कुछ महंगा हो सकता है। क्योंकि इस समय दुनिया एनर्जी संकट का सामना कर रही है।
इस संकट के चलते दुनिया में पेट्रोल-डीजल, CNG से लेकर खाने-पीने की चीजें जैसे दूध और खाने का तेल सब कुछ महंगा हो गया है। सोने और चांदी की आयात ड्यूटी (Gold Silver Import Duty) बढ़ा दी गई है। आइए जानते हैं कि आखिर 2 महीने में क्या-क्या महंगा हुआ है।
ईरान और अमेरिका के बीच अब तक युद्ध विराम को लेकर समझौता नहीं हो सका, जिसके चलते स्ट्रेट ऑफ होर्मुज मे नाकाबंदी चल रही है। होर्मुज रूट से मालवाहक जहाज नहीं गुजर पा रहे हैं।
भारत अपनी जरूरत का लगभग 40 फीसदी कच्चा तेल और 80 से 90 फीसदी गैस खाड़ी देशों से मंगाता है। रूट बाधित होने की वजह से सप्लाई नहीं हो पा रही है। इस कारण महंगाई की मार धीरे-धीरे आम जनता पर पड़ रही है।
पेट्रोल-डीजल से लेकर LPG और दूध तक… 2 महीने में क्या-क्या हुआ महंगा
15 मई को भारत में भी पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ा दिए गए हैं। शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल 3-3 रुपये प्रति लीटर महंगा हुआ है। नई दरें लागू भी हो गई हैं। इस बढ़ोतरी के बाद, दिल्ली में पेट्रोल की कीमतें बढ़कर लगभग 97.77 रुपये प्रति लीटर (Petrol Price Today) हो गईं, जबकि डीजल की कीमतें बढ़कर लगभग 90.67 रुपये प्रति लीटर (Diesel Price Today) हो गईं।
इससे कुछ दिन पहले अमूल और मदर डेरी ने दूध के दाम बढ़ाए थे। दोनों ने प्रति लीटर 2 रुपये का इजाफा किया था। CNG गैस की कीमतों में 2 रुपये प्रति किलो का इजाफा हुआ है। दिल्ली और मुंबई में कीमतों में बढ़ोतरी की गई है। आइए अब जानते हैं कि आखिर 2 महीनों में क्या-क्या महंगा हुआ है।
| 2 महीने में क्या-क्या महंगा हुआ? | ||||||
| क्रमांक | वस्तु | महंगा हुआ या नहीं | कितना महंगा हुआ | कब बढ़े दाम | पिछली कीमत | ताजा कीमत |
| 1 | पेट्रोल (रिटेल) | हां | 3.14 रुपये | 15 मई | 94.63 रुपये प्रति लीटर | 97.77 रुपये प्रति लीटर |
| 2 | डीजल (रिटेल) | हां | 3.11 रुपये | 15 मई | 87.56 रुपये प्रति लीटर | 90.67 रुपये प्रति लीटर |
| 3 | अमूल दूध | हां | 2 रुपये | 13 मई | 55 रुपये प्रति लीटर | 57 रुपये प्रति लीटर |
| 4 | मदर डेरी दूध | हां | 2 रुपये | 13 मई | 56 रुपये प्रति लीटर | 58 रुपये प्रति लीटर |
| 5 | CNG | हां | 2 रुपये प्रति किलो | 13 मई | 77 रुपये प्रति किलो | 79 रुपये प्रति किलो |
| 6 | LPG सिलिंडर | हां | ₹60 | 7 मार्च | 853 रुपये | 913 रुपये |
| 7 | 5Kg छोटू सिलिंडर | हां | 261+51+144 (तीन बार दाम बढ़े) | मार्च, अप्रैल और मई | 300- 400 रुपये | 600-800 रुपये |
| 8 | LPG सिलिंडर कमर्शियल | हां | 993+195+114.50 (तीन बार दाम बढ़े) | मार्च, अप्रैल और मई | 2078 रुपये | 3071.50 रुपये |
| 9 | इंडस्ट्रियल डीजल | हां | 22+28 ( दो बार दाम बढ़ें) | मार्च और अप्रैल | 90 से 95 रुपये प्रति लीटर | 109 रुपये प्रति लीटर |
| 10 | प्रीमियम पेट्रोल | हां | 2+3 ( दो बार दाम बढ़ें) | मार्च और अप्रैल | 95-100 रुपये प्रति लीटर | 101-105 रुपये प्रति लीटर |
| 11 | PNG | हां | ₹1.70 प्रति SCM | मई | 47.90 रुपये प्रति SCM | 49.59 रुपये प्रति SCM |
| 12 | विमानन टर्बाइन ईंधन घरेलू | हां | ₹8289 प्रति किलोलीटर | अप्रैल-मई | ₹96638 प्रति किलोलीटर | ₹104927 प्रति किलोलीटर |
| 13 | विमानन टर्बाइन ईंधन इंटरनेशनल | हां | USD 76.55 प्रति किलोलीटर | अप्रैल-मई | USD 1435.31 प्रति किलोलीटर | USD 1511.86 प्रति किलोलीटर |
| 14 | सोना आयात शुल्क | हां | 9% | मई | 6% | 15% |
| 15 | चांदी आयात शुल्क | हां | 9% | मई | 6% | 15% |
| नोट- अलग-अलग शहर की कीमतों में बदलाव हो सकता है। ये कीमतें दिल्ली या मुंबई पर आधारित हैं। अलग-अलग कंपनियों की कीतमों में भी बदलाव हो सकता है | ||||||
खाद्य सामग्रियों के भी बढ़े दाम
| किन-किन खाद्य सामग्रियों के बढ़े दाम | |||
| क्रमांक | सामान | पुराने दाम | नए दाम |
| 2 | मूंगफली | 160 रुपये प्रति किलो | 200 रुपये प्रति किलो |
| 3 | सूखा धनिया | 180 रुपये प्रति किलो | 220 रुपये प्रति किलो |
| 4 | लाल मिर्च | 300 रुपये प्रति किलो | 350 रुपये प्रति किलो |
| 5 | हल्दी पाउडर | 210 रुपये प्रति किलो | 250 रुपये प्रति किलो |
| 6 | जीरा | 300 रुपये प्रति किलो | 360 रुपये प्रति किलो |
| 7 | चायपत्ती | 500 रुपये प्रति किलो | 545 रुपये प्रति किलो |
| 8 | रिफाइंड ऑयल | 135 रुपये प्रति लीटर | 148 रुपये प्रति लीटर |
| 9 | सरसों तेल | 170 रुपये प्रति लीटर | 190 रुपये प्रति लीटर |
| 10 | चावल | 60- 120 रुपये प्रति किलो | 70- 130 रुपये प्रति किलो |
| नोट- अलग-अलग कंपनियों की खाद्य सामग्रियों के रेट अलग-अलग हो सकते हैं। यह एक औसत कीमत है। | |||
आने वाले समय में और महंगी हो सकती हैं रोजमर्रा की जरूरत की चीजें
ईंधन का रेट बढ़ने से रोजमर्रा की जरूरत की चीजें और महंगी हो सकती है। पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के बीच, ईंधन की कीमतों में बदलाव से FMCG कंपनियों पर नया दबाव पड़ने की उम्मीद है, जिससे वे चुनिंदा चीजों की कीमतें बढ़ाने या उनके वजन में कमी करने पर विचार कर सकती हैं। ईंधन की दरों में बढ़ोतरी से माल ढुलाई, वितरण और इनपुट लागत बढ़ने की संभावना है, जिससे उन कंपनियों के मुनाफे पर और भी ज्यादा दबाव पड़ेगा जो पहले से ही 8-10% की महंगाई से जूझ रही हैं।
तांबे और एल्युमीनियम की कीमतें में तेजी
मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण सिर्फ रोजमर्रा से जुड़ी चीजें ही नहीं महंगी हुई हैं। बल्कि अलग-अलग मेटल में भी तेजी देखने को मिली है। एक ओर जहां सोने और चांदी की कीमतें में उतार-चढ़ाव का दौर जारी है तो दूसरी ओर मजबूत मांग के चलते तांबे और एल्युमीनियम की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है, और वे कई वर्षों के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई हैं।
बात करें अगर तांबे कि तो इसकी कीमतों में जबरदस्त उछाल देखा गया है। मई 2026 के मध्य तक लंदन मेटल एक्सचेंज (LME) पर इसकी कीमतें बढ़कर \(\$14,000\) प्रति मीट्रिक टन से भी ज्यादा हो गई है। यह अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है। एल्युमीनियम मार्च 2022 के बाद अपने उच्चतम स्तर पर पहुँच गया, और मई में इसकी कीमत $3,600 प्रति टन से अधिक हो गई।
भारत में तांबा लगभग ₹1300-₹1400 प्रति किलोग्राम (Copper Price in India) के भाव पर बिक रहा है। इस साल अब तक इसकी कीमत में 20 से 30% की वृद्धि है। वहीं, भारत में एल्युमीनियम लगभग ₹370-₹385 प्रति (aluminium price in india) किलो है। इस साल अब तक इसमें 15 से 20 फीसदी का उछाल देखने को मिला है।
सोने-चांदी का क्या है हाल
सोने और चांदी पर आयात शुल्क 6% से बढ़ाकर 15% कर दिया गया है, जबकि प्लैटिनम पर शुल्क 6.4% से बढ़कर 15.4% हो गया है। ये बदलाव सोने और चांदी के डोरे, सिक्के और अन्य संबंधित उत्पादों पर भी लागू होते हैं।
इस साल जनवरी से अब तक सोने और चांदी की कीमतों में कॉफी उतार-चढ़ाव देखा गया। जनवरी में सोने और चांदी की कीमतें अपने पीक पर थी। जनवरी के आखिरी में चांदी की कीमत 4 लाख प्रति किलो को भी पार कर गई थी। 29 जनवरी 2026 को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर, मार्च डिलीवरी के लिए चांदी के वायदा भाव ₹407456 प्रति किलोग्राम तक पहुंच (Silver All Time High) गया था। इसी दिन सोना भी ऑल टाइम ₹193096 प्रति 10 ग्राम (Gold All Time High) के स्तर तक पहुंचा था।
हालांकि, अब दोनों ही धातुओं की कीमतों में काफी करेक्शन आ चुका है। आज यानी 15 मई 2026 को भी दोनों धातुओं की कीमतों में गिरावट देखी गई है। 15 मई की शाम 7 बजे MCX पर 5 जून 2026 का गोल्ड कॉन्ट्रैक्ट 2878 रुपये गिरकर (करीब 1.78 फीसदी) 159100 रुपये प्रति 10 ग्राम (Gold Price) के स्तर पर ट्रेड कर रहा है। वहीं, 3 जुलाई 2026 का चांदी वायदा लगभग 7 फीसदी टूटकर 272335 रुपये (Silver Price) प्रति किलो के स्तर पर ट्रेड कर रहा है।