कॉरपोरेट कानून संशोधन विधेयक संबंधी संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) ने मंगलवार को इस विधेयक के विशिष्ट प्रविधानों पर विशेषज्ञों, उद्योग संघों, संगठनों और अन्य हितधारकों से विचार और सुझाव मांगे हैं।
इस विधेयक का उद्देश्य व्यापार करने में सुगमता को बढ़ाना, छोटे अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करना और कारपोट प्रशासन को आधुनिक बनाना है। भाजपा सदस्य सुधीर गुप्ता की अध्यक्षता वाली समिति इस विधेयक की जांच कर रही है।
इस विधेयक में कंपनी अधिनियम, 2013 और सीमित देयता भागीदारी (एलएलपी) अधिनियम, 2008 दोनों में व्यापक संशोधन का प्रस्ताव है।
लोकसभा सचिवालय ने बयान में कहा कि जो लोग सुझाव भेजना चाहते हैं, वे सुझावों की दो प्रतियां अंग्रेजी/हिंदी में निदेशक (जेसीएल), लोकसभा सचिवालय को भेज सकते हैं या 22 जून तक [email protected] पर ईमेल कर सकते हैं।