बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बिहार में मानसून एक बार फिर रफ्तार पकड़ने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिणी, पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी बिहार में व्यापक वर्षा के आसार बन रहे हैं। वहीं, भागलपुर समेत पूर्वी बिहार में अगले 24 घंटे तक आसमान में बादलों का डेरा रहेगा और इस दौरान कई स्थानों पर रुक-रुक कर गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है।
क्यों बदला मौसम का मिजाज?
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), भागलपुर केंद्र के विज्ञानी अनुपम नाहर ने बताया कि इस बदलाव के पीछे मुख्य रूप से दो बड़ी मौसमी प्रणालियां काम कर रही हैं:
- निम्न दबाव क्षेत्र (Low Pressure Area): उत्तरी ओडिशा, झारखंड और गंगीय पश्चिम बंगाल पर बना निम्न दबाव क्षेत्र अब गंगीय पश्चिम बंगाल और उससे सटे झारखंड-उत्तरी ओडिशा पर केंद्रित है। इससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से करीब आठ किलोमीटर तक फैला हुआ है। हालांकि, अगले 24 घंटों में इसके धीरे-धीरे कमजोर पड़ने के संकेत हैं।
मानसून ट्रफ और पश्चिमी विक्षोभ: मानसून ट्रफ इस समय अमृतसर, चंडीगढ़, शाहजहांपुर, बस्ती और पटना होते हुए निम्न दबाव क्षेत्र के केंद्र से गुजरकर उत्तर-पूर्व बंगाल की खाड़ी तक विस्तृत है। इसके साथ ही, उत्तरी पाकिस्तान के ऊपर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) भी मानसूनी गतिविधियों को ताकत दे रहा है।
भागलपुर का हाल: उमस बरकरार, बारिश से मिलेगी राहत
शुक्रवार को भागलपुर और आस-पास के इलाकों में उमस का असर देखा गया। मौसम के मुख्य आंकड़े इस प्रकार रहे:
| मौसम मानक | रिकॉर्ड |
| अधिकतम तापमान | 33.9°C |
| न्यूनतम तापमान | 27.1°C |
| हवा में नमी (आर्द्रता) | 88% |
| हवा की रफ्तार | 6 किमी/घंटा (उत्तर-पूर्वी दिशा) |
| दर्ज की गई वर्षा | 3 मिमी |
आगे का अनुमान
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले एक-दो दिनों तक बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। इस दौरान हल्की से मध्यम वर्षा का सिलसिला जारी रहने से लोगों को पिछले कुछ दिनों से परेशान कर रही उमस भरी गर्मी से काफी राहत मिल सकती है।