ईरान-अमेरिका और इजरायल युद्ध को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है।
ईरानी सरकारी टीवी ने बताया कि अमेरिका के साथ चल रहे युद्ध को खत्म करने के लिए एक समझौता ज्ञापन (MoU) का शुरूआती, अनौपचारिक मसौदा तैयार हो गया है।
इस मसौदे के तहत ईरान एक महीने के अंदर हार्मुज जलडमरूमध्य से कमर्शियल शिपिंग को युद्ध से पहले स्तर पर बहाल करने को तैयार है।
अमेरिका हटाएगा सैन्य टुकड़ियां
मसौदे के अनुसार अमेरिका-ईरान के आसपास अपनी सैन्य टुकड़ियों को वापस ले लेगा और नौसैनिक नाकाबंदी खत्म कर देगा। हालांकि यह प्रारंभिक समझौता सैन्य जहाजों को शामिल नहीं करता है।
ईरान ओमान के सहयोग से होर्मुज में जहाजों की आवाजाही कंट्रोल करेगा। तेहरान ने साफ किया है कि बिना ठोस सत्यापन के कोई भी कदम नहीं उठाएगा।
60 दिनों में अंतिम समझौता संभव
ईरानी मीडिया के मुताबिक अगर 60 दिनों के भीतर अंतिम समझौता हो जाता है तो इसे संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के बाध्यकारी प्रस्ताव के रूप में अनुमोदित किया जा सकता है। यह MoU फरवरी में शुरू हुए ईरान-अमेरिका युद्ध के बाद अप्रत्यक्ष वार्ताओं का नतीजा है।
पाकिस्तान की मध्यस्थ भूमिका
पाकिस्तान ने ईरान और अमेरिका के बीच केंद्रीय मध्यस्थ की भूमिका निभाई है। युद्ध इस साल की शुरुआत में ईरान और इजरायल के बीच तनाव बढ़ने के बाद भड़का था।
दोनों देशों ने एक-दूसरे पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए थे, जिससे खाड़ी क्षेत्र में शिपिंग बुरी तरह प्रभावित हुई और अमेरिका भी संघर्ष में शामिल हो गया।