ऑपरेशन अमिस्ताद के तहत भारतीय सेना ने बुधवार को भूकंप प्रभावित वेनेजुएला में मलबे से 79 साल की महिला को बचाया। महिला के पैर में फ्रैक्चर सहित अन्य परेशानियां हैं। उनका इलाज चल रहा है।
सेना विनाशकारी भूकंप से प्रभावित लोगों की मदद के लिए समय के साथ होड़ कर रही है। इस आपदा की घड़ी में भारत वेनेजुएला के लोगों के साथ एकजुटता से खड़ा है।
वेनेजुएला के लोग भारतीय मेडिकल टीम की मदद को बेहतरीन बताते हुए सेना के फील्ड हॉस्पिटल में उनका आभार जता रहे हैं। विदेश मंत्रालय द्वारा साझा वीडियो में एक महिला ने कहा, ‘भारतीय दोस्तों, हम वेनेज़ुएला के लोगों के लिए आप जो बेहतरीन काम कर रहे हैं, उसके लिए हम आपके आभारी हैं।’
पीएम मोदी ने की तारीफ
इस बीच, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने डॉक्टर्स डे के मौके पर भारत के उन मेडिकल प्रोफेशनलों की जमकर तारीफ की जो इस ऑपरेशन के तहत बिना थके काम में जुटे हैं।
पीएम ने कहा कि ऐसे मुश्किल समय में जरूरतमंदों की सेवा करने की उनकी कोशिशें इस बात का शानदार उदाहरण हैं कि जब भी हमारे समाज के सामने कोई चुनौती आती है, तो मेडिकल प्रोफेशनल्स कैसे आगे बढ़कर जिम्मेदारी निभाते हैं।
सीएनएन ने वेनेजुएला के नेशनल असेंबली के प्रेसिडेंट जार्ज रोड्रिगेज के हवाले से बताया कि इन भूकंपों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 1943 हो गई है। 22,619 लोग प्रभावित हुए हैं, जिनमें 5,034 लोग घायल हैं। क्षतिग्रस्त हुई 855 इमारतों में से 189 पूरी तरह ढह गईं।
भूंकप ने मचाई तबाही
24 जून को भूकंप आने के बाद से 609 आफ्टरशॉक्स (भूकंप के बाद के झटके) दर्ज किए गए हैं। अमेरिकी जियोलाजिकल सर्वे का अनुमान है कि इस बात की 44 प्रतिशत संभावना है कि मरने वालों की कुल संख्या 10,000 से ज्यादा हो सकती है।
हालांकि, नासा के शोधकर्ताओं का अनुमान है कि वेनेजुएला में आए दो भूकंपों से लगभग 58,870 इमारतें या तो क्षतिग्रस्त हुईं या पूरी तरह नष्ट हो गईं।