ईरान से बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने मध्य पूर्व के कई देशों में अपने दूतावासों के जरिए अमेरिकी नागरिकों को चेतावनी जारी की है।
शनिवार को बहरीन, इराक, इजरायल, जॉर्डन, कुवैत, लेबनान, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई स्थित अमेरिकी दूतावासों ने सलाह दी कि वे क्षेत्र छोड़ने पर विचार करें या अचानक निकलने के लिए तैयार रहें।
मिडिल ईस्ट में जारी है तनाव
एडवाइजरी में कहा गया कि मध्य पूर्व की स्थिति अस्थिर है और ईरानी शासन अप्रत्याशित बना हुआ है। हाल के हमले बिना चेतावनी या उकसावे के हुए हैं और हमलों का दायरा मिस्र जैसे नए क्षेत्रों तक फैल गया है। इस क्षेत्र में मौजूद अमेरिकियों को निकलने पर विचार करना चाहिए या अगर तनाव बढ़े तो निकलने के लिए तैयार रहना चाहिए।
दूतावासों ने उड़ान रद होने, एयरस्पेस बंद होने और यात्रा बाधित होने की संभावना जताई है। यात्रा की योजना बना रहे लोगों से कहा गया कि वे अपनी योजनाओं पर गंभीरता से पुनर्विचार करें। चेतावनी में यह भी कहा गया कि ईरान या उसके सहयोगी समूह दुनियाभर में अमेरिकी राजनयिक सुविधाओं, व्यवसायों और संस्थानों को निशाना बना सकते हैं।
जॉर्डन में अमेरिकियों को अमेरिकी सैन्य ठिकानों से दूर रहने की सलाह दी गई, क्योंकि वहां ईरानी मिसाइल हमले हो चुके हैं। इजरायल में निकटतम बम शेल्टर की पहचान करने और तैयार रहने को कहा गया। बेरूत स्थित दूतावास पहले से आर्डरड डिपार्चर स्थिति में है।
ट्रंप ने दी चेतावनी
यह अलर्ट राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप की चेतावनी के एक दिन बाद आया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि अमेरिका ईरान पर बहुत जोर से हमला करता रहेगा जब तक वह सहन न कर सके। ईरान ने जवाब में चेतावनी दी है कि अमेरिका का समर्थन करने वाले देश युद्ध की आग में झुलस सकते हैं।
ईरान ने दी चेतावनी
होर्मुज जलडमरूमध्य में नौवहन बाधित है और क्षेत्र में मिसाइल-ड्रोन हमलों का सिलसिला जारी है। वहीं, ईरान ने भी अमेरिका को धमकी दी है कि अगर अमेरिका हम पर हमला करता है तो तेहरान सऊदी, यूएई और इजरायल के तेल ठिकानों को निशाना बनाएगा।