संसद के 20 जुलाई से शुरू होने वाले मानसून सत्र से पहले केंद्र सरकार अपनी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुट गई है।
सूत्रों के अनुसार, बुधवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के आवास पर केंद्रीय मंत्रियों की अहम बैठक होने की संभावना है। बैठक में मानसून सत्र के दौरान सरकार के विधायी एजेंडे और विपक्ष के संभावित मुद्दों से निपटने की रणनीति पर चर्चा होगी।
संसद सत्र शुरू होने से एक दिन पहले 19 जुलाई को सरकार ने सर्वदलीय बैठक भी बुलाई है। इस बैठक में सरकार अपने विधायी कार्यक्रम की जानकारी देगी, जबकि विपक्ष विभिन्न राष्ट्रीय और राजनीतिक मुद्दों को उठाने की रूपरेखा पेश कर सकता है। सरकार इस सत्र में कई महत्वपूर्ण विधेयक पेश करने की तैयारी में है।
इनमें संविधान (130वां संशोधन) विधेयक भी शामिल है, जिसकी जांच कर रही संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) 17 जुलाई को अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप दे सकती है। इस प्रस्तावित विधेयक में गंभीर मामलों में 30 दिनों तक न्यायिक हिरासत में रहने पर प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री तथा केंद्रीय और राज्य मंत्रियों के पद स्वतः समाप्त होने का प्रविधान शामिल है, जिसे लेकर राजनीतिक बहस तेज है।
वहीं, विपक्ष नीट-यूजी पेपर लीक मामले, आपरेशन सिंदूर को लेकर रक्षा मंत्री के बयान और अन्य मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है। कांग्रेस ने रक्षा मंत्री के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस भी दिया है। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू के अनुसार, संसद का मानसून सत्र 20 जुलाई से 13 अगस्त तक चलेगा, जिसमें राष्ट्रीय महत्व के मुद्दों पर चर्चा और विधायी कार्य किए जाएंगे।