अमेरिका-ईरान के बीच युद्ध अभी भी जारी है। अमेरिका ने मंगलवार, 8 सितंबर को फारस की खाड़ी में खार्ग द्वीप के पास ईरान के कई तेल टैंकरों पर हमला किया।
US सेंट्रल कमांड (Centcom) ने 8 सितंबर को ईरान के कच्चे तेल ले जाने वाले जहाजों के नष्ट करने का सैटेलाइट वीडियो भी जारी किया। अमेरिकी वारशिप पर हमला होने के बाद अमेरिकी सेना ने ईरानी तेल टैंकरों को निशाना बनाया।
अमेरिकी सेना ने जारी कीं सैटेलाइट तस्वीरें
US सेंट्रल कमांड ने ईरानी तेल टैंकरों पर हमले के बाद बताया कि अमेरिकी सेना ने ओमान की खाड़ी में ईरान के कच्चे तेल ले जाने वाले जहाजों M/T कविज, M/T चारमीनार, M/T होराइजन 1 और M/T रिस्को को और खार्ग द्वीप के पास M/T डेर्या को नष्ट कर दिया।
Centcom के मुताबिक, US सेना ने जहाजों पर हमला करने से पहले उनके क्रू को जहाज छोड़ने का आदेश दिया, जिससे टैंकर बेकार हो गए।
अमेरिकी सेना का दावा है कि ईरान ने IRGC और उसके क्षेत्रीय प्रॉक्सी समूहों को फंड देने के लिए अरबों डॉलर के शैडो नेटवर्क के हिस्से के रूप में इन टैंकरों का इस्तेमाल किया था।
सेंटकॉम ने 5 सितंबर को भी ईरान के तीन कच्चे तेल के जहाजों को नष्ट किया था US ने कहा कि पहले के हमले ईरान द्वारा US एयरक्राफ्ट कैरियर और गाइडेड-मिसाइल डिस्ट्रॉयर पर हमले की कोशिश के बाद किए गए थे।
IRGC ने अमेरिका के युद्धपोत को बनाया निशाना
मिडिल ईस्ट में ये हमले सिर्फ अमेरिका की तरफ से जारी नहीं हैं। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने पिछले दो दिनों में दो बार बैलिस्टिक मिसाइलों से US नौसेना के युद्धपोत को निशाना बनाया।
US नौसेना के युद्धपोत ने ईरान के दोनों मिसाइल हमलों से खुद को बचाया और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में गश्त जारी रखी, लेकिन अमेरिकी सेना ने हमलों का जवाब दिया और ईरान के तेल टैंकरों को उड़ाया। Centcom ने कहा कि US का कोई भी कर्मी घायल नहीं हुआ है।