राज्य के निबंधन कार्यालयों में जल्द बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सरकार की योजना के तहत इसी वित्तीय वर्ष से रजिस्ट्री समेत सभी निबंधन कार्य पूरी तरह पेपरलेस कर दिए जाएंगे। इसकी घोषणा बजट सत्र में भी की जा चुकी है।
ई-फाइलिंग और डिजिटल हस्ताक्षर
नई व्यवस्था के तहत अब दस्तावेजों की हार्ड कॉपी तैयार करने की जरूरत नहीं होगी। सभी कागजात ई-फाइलिंग के माध्यम से अपलोड किए जाएंगे। निबंधन प्रक्रिया में पक्षकारों और अधिकारियों के डिजिटल हस्ताक्षर का उपयोग किया जाएगा।
पीडीएफ लिंक के जरिए दस्तावेज
निबंधन पूरा होने के बाद दस्तावेज की एक कॉपी डिजिटल रूप में उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही, पीडीएफ फाइल का लिंक संबंधित पक्षकारों के रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और ईमेल पर भेजा जाएगा, जिससे कहीं से भी दस्तावेज एक्सेस किया जा सकेगा।
घर बैठे निबंधन की सुविधा
मोबाइल रजिस्ट्रेशन यूनिट के माध्यम से 80 वर्ष से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों को घर बैठे जमीन, प्लॉट या फ्लैट का निबंधन कराने की सुविधा दी जाएगी। इससे उन्हें कार्यालय आने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
पारदर्शिता और समय की बचत
इस डिजिटल व्यवस्था से निबंधन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और तेज होगी। साथ ही कागज के उपयोग में कमी आने से पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
लैंड रिकॉर्ड योजना के तहत पहल
यह पहल डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम के तहत की जा रही है। विभाग ने सभी जिलों को आवश्यक तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि नई व्यवस्था समय पर लागू हो सके।