स्विट्जरलैंड में पहाड़ी रिजॉर्ट के एक बार में नए साल के जश्न के दौरान आग लग गई।
यह घटना आधी रात के तुरंत बाद हुई। पुलिस ने बताया कि इस घटना में दर्जनों लोगों के मारे जाने की आशंका है और लगभग 100 लोग घायल हुए हैं। घायलों में ज्यादातर गंभीर रूप से घायल हैं।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान, वैलिस कैंटन पुलिस कमांडर फ्रेडरिक गिस्लर ने कहा कि बार में कई लोगों के मारे जाने की आशंका है।
हालांकि वैलिस कैंटन की अटॉर्नी जनरल बीट्रिस पिलौड ने कहा कि आग लगने की वजह पता लगाना अभी जल्दबाजी होगी, लेकिन दो फ्रांसीसी चश्मदीद गवाहों एम्मा और अल्बेन ने बताया कि आग एक मोमबत्ती की वजह से लगी जिसे छत के बहुत पास रखा गया था।
‘कुछ ही सेकेंडों में लग गई आग’
फ्रांसीसी न्यूज चैनल BFMTV के अनुसार, चश्मदीदों ने बताया कि एक वेट्रेस ने शैम्पेन की बोतलों के ऊपर बर्थडे मोमबत्तियां लगाई थीं, जिन्हें फिर छत की तरफ ऊपर उठाया गया।
उन्होंने कहा, “कुछ ही सेकंड में, पूरी छत में आग लग गई। सब कुछ लकड़ी का बना हुआ था।”
‘200 लोग एक साथ भागने की कर रहे थे कोशिश’
जैसे-जैसे आग तेजी से फैली लोग कमरे से बाहर निकलने की कोशिश करने लगे। उन्होंने बताया, “पूरी छत में आग लग गई थी।
यहां तक कि पहली मंजिल में भी आग लग गई थी।” उन्होंने बताया कि लोगों को बाहर निकालना बहुत मुश्किल था, क्योंकि कमरे से बाहर निकलने का रास्ता बहुत संकरा था और बाहर जाने वाली सीढ़ियां तो और भी ज्यादा संकरी थीं।
उन्होंने बताया कि कैसे 30 सेकंड के अंदर 200 लोग बार से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे थे।
पुलिस ने क्या बताया?
बीबीसी ने रिपोर्ट किया है कि ज्यादातर पीड़ितों की उम्र 16 से 26 साल है और ये सबसे गंभीर मामले हैं। पुलिस ने साफ किया है कि यह कोई आतंकवादी हमला नहीं था, बल्कि आग लगने की घटना थी।
पुलिस ने एक बयान में कहा कि इलाके को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है और क्रैंस-मोंटाना के ऊपर नो-फ्लाई जोन लगा दिया गया है।