। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने औद्योगिक विकास को गति देने के लिए एक ऐतिहासिक फैसला लिया है।
भारत औद्योगिक विकास योजना यानी BHAVYA को मंजूरी दे दी गई है। इस योजना पर 33,660 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और देशभर में 100 प्लग-एंड-प्ले औद्योगिक पार्क विकसित किए जाएंगे।
सरकारी प्रेस रिलीज के मुताबिक, यह योजना भारत की विनिर्माण क्षमता को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाली साबित होगी।
सपनों को साकार करने वाली योजना
डीपीआईआईटी सचिव अमरदीप सिंह भाटिया ने योजना को पूरी तरह सेक्टर न्यूट्रल बताया। यानी यह किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं है। राज्यों और निजी क्षेत्र के साथ साझेदारी में इसे लागू किया जाएगा।
भाटिया ने बताया कि यह योजना कोर इंफ्रास्ट्रक्चर, वैल्यू-एडेड सुविधाओं और सामाजिक बुनियादी ढांचे जैसे आवास के लिए फंडिंग देगी। पहले चरण में 50 पार्क विकसित किए जाएंगे।
क्या है प्लग-एंड-प्ले?
BHAVYA योजना का सबसे बड़ा आकर्षण आसान कारोबार का नया मॉडल है। राज्य सरकारें सिंगल-विंडो सिस्टम, पूर्व-अनुमोदित मंजूरियां और निवेशक-अनुकूल सुधारों के जरिए इसे लागू करेंगी।
100 से 1,000 एकड़ तक के पार्क बनाए जाएंगे, जहां जमीन पहले से तैयार, बिजली-पानी-ड्रेनेज सब कुछ उपलब्ध होगा। उद्योग को सिर्फ इंटेंट से प्रोडक्शन तक पहुंचने में देरी नहीं होगी।
प्रति एकड़ 1 करोड़ रुपये तक की मदद मिलेगी, जिसमें शामिल हैं:
• कोर इंफ्रास्ट्रक्चर (सड़कें, अंडरग्राउंड यूटिलिटी, जल प्रबंधन, कॉमन ट्रीटमेंट प्लांट)
• वैल्यू-एडेड सुविधाएं (रेडी-बिल्ट फैक्ट्री शेड, टेस्टिंग लैब, वेयरहाउस)
• सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर (मजदूर आवास और अन्य सुविधाएं)