प्रियंका प्रसाद (ज्योतिष सलाहकार): केवल व्हाट्सएप मेसेज 94064 20131
सनातन धर्म में शनिवार का दिन न्याय के देवता शनिदेव को समर्पित होता है।
इस दिन शनिदेव और हनुमान जी की पूजा की जाती है। शनिवार के दिन हनुमान जी की पूजा करने से कुंडली में शनि मजबूत होता है।
शनि देव की कृपा बरसने से जातक को जीवन के सभी क्षेत्रों में मनमुताबिक सफलता मिलती है।
ज्योतिष करियर और कारोबार में सफलता और कष्टों से मुक्ति पाने के लिए कुंडली में शनि ग्रह मजबूत करने की सलाह देते हैं। भगवान शिव की पूजा करने से शनि देव प्रसन्न होते हैं। आइए, शनिदेव की प्रिय राशियों के बारे में जानते हैं-
शनिदेव
ज्योतिषियों की मानें तो कुंडली में शनि मजबूत होने से जातक को जीवन के सभी क्षेत्रों में विशेष सफलता पाते हैं। अपने जीवन में ऊंचा मुकाम हासिल करता है।
अल्प समय में ही व्यक्ति सफल हो जाता है। वहीं, कमजोर शनि के चलते व्यक्ति को करियर और कारोबार में ढेर सारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। खासकर, शनि की साढ़ेसाती में व्यक्ति अर्श से फर्श पर आ जाता है। हालांकि, अच्छे कर्म करने वालों पर शनिदेव विशेष कृपा बरसाते हैं।
लकी राशियां
ग्रहों के राजकुमार शनिदेव मकर और कुंभ राशि के स्वामी हैं। वहीं, इन दो राशियों के आराध्य भगवान शिव हैं। मकर और कुंभ राशि के लिए शुभ रंग आसमानी है।
तुला राशि में न्याय के देवता शनिदेव उच्च होते हैं। इसके लिए तुला राशि के जातकों को हमेशा शुभ फल देते हैं। शनिदेव की कृपा से तुला राशि के जातक सभी क्षेत्रों में विशेष सफलता पाते हैं।
वहीं, मकर और कुंभ राशि के जातक बिजनेस में उत्तम प्रदर्शन करते हैं। मकर और कुंभ राशि के जातक हर सोमवार और शनिवार के दिन भगवान शिव की पूजा करें।
वहीं, पूजा के समय काले तिल मिश्रित गंगाजल से भगवान शिव का अभिषेक करें। साथ ही शनिवार के दिन काले तिल का दान करें।