केरल के सबरीमाला मंदिर से सोने की चोरी के मामले को लेकर विपक्षी दलों ने गुरुवार को विधानसभा में लगातार तीसरे दिन हंगामा किया और मामले में चार्जशीट दाखिल करने में हो रही देरी के पीछे साजिश का आरोप लगाया।
साथ ही यह दावा किया कि इसी वजह से आरोपितों को जमानत मिल गई है। इधर, सोना चोरी से जुड़े एक मामले में मुख्य आरोपित उन्नीकृष्णन पोट्टी को जमानत मिल गई।
विधानसभा में विपक्ष के नेता वीडी सतीशन ने पत्रकारों से बातचीत में आरोप लगाया कि मुख्य आरोपित पोट्टी को मिली जमानत एक बड़ी साजिश का हिस्सा है।
उन्होंने कहा, ‘सभी गिरफ्तार लोगों को रिहा कराने की यह साजिश है और पोट्टी को दी गई जमानत इसका हिस्सा है।’
कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन यूडीएफ ने विधानसभा में इस मुद्दे को उठाया और आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री कार्यालय के हस्तक्षेप ने एसआइटी की जांच को प्रभावित किया है।
इधर, सत्तारूढ़ वाम गठबंधन में शामिल माकपा के राज्य सचिव एमवी गोविंदन ने विपक्ष के नेता पर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया है।
जबकि भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष बी गोपालकृष्णन ने आरोप लगाया कि माकपा के नेता पोट्टी और पूर्व विधायक पद्मकुमार के खिलाफ बोलने की हिम्मत नहीं कर पा रहे हैं।
कोल्लम की एक अदालत ने सबरीमाला में सोना चोरी से संबंधित दूसरे मामले में गुरुवार को पोट्टी को वैधानिक जमानत दे दी। मंदिर के गर्भगृह के दरवाजों के चौखटों से सोना चोरी से संबंधित मामले में पोट्टी को जमानत मिली है।