इराक की राजधानी बगदाद में कई धमाकों ने शहर को हिला दिया है। ईरान समर्थित एक समूह की इमारत पर हवाई हमले में कम से कम चार लोगों की मौत हो गई है।
अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, जादिरिया जिले में हुए इस घातक हमले में चार लोग मारे गए। गवाहों और सुरक्षा सूत्रों ने बताया कि एक इमारत ईरान समर्थित समूह द्वारा इस्तेमाल की जा रही थी, जिसको निशाना बनाया गया। हमले के बाद इलाके में आग और धुआं उठता देखा गया।
अमेरिकी दूतावास के पास धमाके और ड्रोन हमले
अमेरिकी दूतावास परिसर के निकट धमाकों की आवाजें सुनाई दीं, जो ग्रीन जोन में स्थित है। अल जजीरा ने सत्यापित वीडियो का हवाला देते हुए बताया कि दूतावास के आसपास आग और धुआं उठ रहा था। आसमान में हवाई रक्षा प्रणालियों द्वारा कई ड्रोनों को रोकते हुए दिखाया गया।
सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार की सुबह अमेरिकी दूतावास और एक होटल को ड्रोनों से निशाना बनाया गया। जियोलोकेटेड वीडियो में दूतावास के करीब 600 मीटर दूर एक प्रोजेक्टाइल को हवाई रक्षा द्वारा रोका जाता दिखा।
अल-रशीद होटल पर ड्रोन गिरा
इराक के गृह मंत्रालय ने पुष्टि की कि अल-रशीद होटल पर एक ड्रोन गिरा, जो होटल की ऊपरी बाड़ पर लगा। मंत्रालय के बयान में कहा गया कि इससे कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ और कोई मौत नहीं हुई।
इराक के दक्षिण में मजनून तेल क्षेत्र भी हमले का शिकार हुआ। इराकी सशस्त्र बलों के कमांडर-इन-चीफ के प्रवक्ता ने इसकी पुष्टि की। यह हमला देश की महत्वपूर्ण ऊर्जा सुविधाओं को निशाना बनाने का हिस्सा लगता है।
यूएई और सऊदी अरब में हमले
इस हिंसा का असर क्षेत्रीय स्तर पर फैल गया है। संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने ड्रोन हमलों के कारण अपना हवाई क्षेत्र अस्थायी रूप से बंद कर दिया। फुजैराह ऑयल ज़ोन और शाह गैस फील्ड में आग लग गई।
यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (यूकेएमटीओ) ने बताया कि फुजैराह के पूर्व में 23 नॉटिकल मील दूर एक टैंकर पर अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ, जिसमें मामूली संरचनात्मक क्षति हुई लेकिन कोई घायल नहीं हुआ और पर्यावरण को नुकसान नहीं पहुंचा। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने पूर्वी हिस्से में कई ड्रोनों को नष्ट करने की पुष्टि की।
ईरानी हमले क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा
यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान से फोन पर बात की। दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय घटनाक्रम की समीक्षा की और ईरानी हमलों को क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया। उन्होंने
इसे संप्रभुता का उल्लंघन और अंतरराष्ट्रीय मानदंडों के खिलाफ करार दिया। यह घटनाएं अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच चल रहे व्यापक संघर्ष के बीच हुई हैं, जिसमें तनाव लगातार बढ़ रहा है।