प्रियंका प्रसाद (ज्योतिष सलाहकार): केवल व्हाट्सएप मेसेज 94064 20131
चैत्र नवरात्र का पावन पर्व शक्ति की उपासना के लिए बहुत शुभ माना जाता है। यह दिन मां दुर्गा के नौ स्वरूपों को समर्पित है। इस दौरान साधक व्रत, पूजा-अर्चना करते हैं।
साथ ही देवी के सामने अखंड ज्योति जलाते हैं। वहीं, शास्त्रों में भी दीपदान का विशेष महत्व बताया गया है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि नवरात्र के दौरान घर के कुछ विशेष स्थानों पर दीपक जलाने से माता रानी का आशीर्वाद कई गुना बढ़कर मिलता है, तो चलिए उन खास जगहों के बारे में जानते हैं, जो इस प्रकार हैं –
मुख्य द्वार पर
हिंदू धर्म में घर के मुख्य द्वार को शुभता का प्रवेश द्वार माना जाता है। ऐसे में नवरात्र में शाम को सूर्यास्त के बाद मुख्य द्वार के दाईं ओर घी या तेल का दीपक जरूर जलाएं। मान्यता है कि इससे घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और माता रानी की विशेष कृपा मिलती है।
तुलसी के पौधे के पास
देवी तुलसी को साक्षात माता लक्ष्मी का रूप माना गया है। ऐसे में नवरात्र के दौरान रोजाना शाम को तुलसी के पास एक घी का दीपक जलाएं। ऐसा करने से घर का वास्तु दोष दूर होता है। साथ ही जीवन में सुख-समृद्धि का आगमन होता है।
रसोई में
रसोई घर का वह स्थान है जहां मां अन्नपूर्णा का वास होता है। ऐसे में नवरात्र के दौरान रात के समय रसोई में एक दीपक जलाएं। ऐसा करने से घर में कभी धन-धान्य की कमी नहीं होती है।
धन रखने के स्थान पर
धन से जुड़ी मुश्किलों को दूर करने के लिए अपनी तिजोरी या अलमारी के पास दीपक जलाएं। ऐसा करने से माता लक्ष्मी और देवी दुर्गा की एक साथ कृपा मिलती है।
आंगन
अगर आपके घर में आंगन है, तो नवरात्र के नौ दिनों तक वहां दीपक जलाएं। वास्तु के अनुसार, घर के बीचों-बीच दीपक जलाने से घर में शांति बनी रहती है और मानसिक तनाव कम होता है।